झींझक। संदलपुर ब्लॉक की कुछ ग्राम पंचायतों में बिना काम कराए ही मनरेगा से भुगतान करने के मामले में ब्लॉक कार्यालय के लेखाकार के खिलाफ धोखाधड़ी व अन्य धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। मंगलपुर थाना पुलिस मामले की जांच कर रही है।
संदलपुर ब्लॉक के छह गांव के प्रधानों ने बिना काम के ही दो फर्मों को मनरेगा से भुगतान होने की शिकायत जिले के अधिकारियों से की थी। इसकी जांच डीसी मनरेगा हरिश्चंद्र सिंह को सौंपी गई थी।
जांच में बिना निर्माण कराए ही 28.36 लाख रुपये के भुगतान की पुष्टि हुई थी। अधिकारियों की सख्ती के बाद मामले में आस्था ट्रेडर्स व मां गामा देवी इंटरप्राइजेज ने सरकारी खाते में 28.36 लाख रुपये वापस कर दिए थे।
बीडीओ रामनरेश ने गुरुवार को मंगलपुर थाने में तहरीर देकर लेखाकार नृपेंद्र मिश्र के खिलाफ फर्जी तरीके से दो फर्मों को भुगतान करने की रिपोर्ट दर्ज कराई है। थाना प्रभारी एसके मिश्रा ने बताया कि बीडीओ की तहरीर पर लेखाकार के खिलाफ धोखाधड़ी व अन्य धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर जांच की जा रही है।