ये डिग्रियां हुईं थीं बरामद
ऐसे में इसकी जांच कराई जा रही है कि बुकलेट असली है या कूटरचित। एसआईटी के अधिकारियों के अनुसार एक टीम विश्वविद्यालय की माइग्रेशन सर्टिफिकेट बुकलेट की जानकारी जुटा कर उसका मिलान करेगी। मौके से विश्वविद्यालय की एमए की 70, एमएससी की 15, बीएससी की 44, बीएड की 62, बीए की 109, बीकाॅम की 13, एलएलबी की 40 मार्कशीट व 18 डिग्री बरामद हुईं थीं।
पहले भी फर्जी मार्कशीट बनाने का हुआ था खेल
अगस्त 2024 में भी सीएसजेएम विश्वविद्यालय में फर्जी मार्कशीट बनाने के खेल का भंडाफोड़ हुआ था। तब पकड़े गए आरोपी शिव कुमार ने कबूला था कि उसने 12 साल में फर्जी मार्कशीट बनाकर कितने लोगों को पास कर दिया है कि उनकी संख्या तक उसे याद नहीं है।
मार्कशीट में कर दिया था फेरबदल
आरोपियों में चपरासी जगदीश और प्रयागराज के जार्ज टाउन थाना क्षेत्र के पुरा दलेर अल्लहापुर निवासी उसके साथी शिवकुमार श्रीवास्तव और आशीष राय शामिल थे। तब आरोपी गजट में भी संशोधन कर रहे थे। इन लोेगों ने फेल छात्र नेहाल हुसैन रिजवी की मार्कशीट में फेरबदल कर दिया था। तब कल्याणपुर पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर गजट के 10 पन्ने, 32 खाली मार्कशीट आदि बरामद की थी।