विजय कृष्ण आचार्य ला रहे 'ठग्स ऑफ हिंदोस्तां'
बॉलीवुड की बिग बजट फिल्म ‘ठग्स ऑफ हिंदोस्तां’ से कानपुर का बड़ा कनेक्शन है। कहानी, कैरेक्टर से लेकर लोकेशन और डायरेक्शन तक में कनपुरिया अंदाज देश-दुनिया में अलग-अलग भाषाओं में देखने को मिलेगा। डायरेक्टर विजय कृष्ण आचार्य की फिल्म ‘ठग्स ऑफ हिंदोस्तां’ यशराज के बैनर तले नवंबर 2018 में रिलीज होने को तैयार है। फिल्म में अमिताभ बच्चन, आमिर खान, कैटरीना कैफ जैसे स्टार तलवारबाजी करते नजर आएंगे। फिल्म की कहानी अंग्रेजों की नाक में दम करने वाले उन लुटेरों की है जो हिंसा के रास्ते आजादी की जंग लड़ रहे थे लेकिन इतिहास ने उन्हें केवल लुटेरा और ठग ही बना दिया। फिल्म की कहानी लिखी है मशहूर फिल्म डायरेक्टर विजय कृष्ण आचार्य ने और विजय ही इस फिल्म को डायरेक्ट भी कर रहे हैं। निर्माता कंपनी यशराज फिल्म्स ने ‘ठग्स ऑफ हिंदोस्तां’ को फिलहाल का सबसे अहम प्रोजेक्ट माना है।
फिल्म के ट्रेलर में आमिर का कनपुरिया अंदाज में डायलॉग
‘फिरंगी मल्लाह, गांव गोपालपुर जिला कानपुर, अवध। बहुतै कमीने को अंग्रेजी में का कहते हैं, वो हम हैं साहब। अब वन टू थ्री किक मारते हैं। अंदर से तो बुरे हैं हम बाहर से थोड़ा रहेंगे।’
डायरेक्टर विजय कृष्ण का कानपुर से रहा गहरा नाता
छोटे शहरों से निकलकर बड़ा मुकाम हासिल करने वाले लोगों में एक और मशहूर नाम शामिल है वो है विजय कृष्ण आचार्य। कानपुर से गहरा नाता रखने वाले बॉलीवुड के फेमस फिल्म डायरेक्टर, राइटर और प्रोड्यूसर विजय आचार्य की नई फिल्म ‘ठग्स ऑफ हिंदुस्तां’ इसी साल बड़े पर्दे पर रिलीज होगी। विजय को फिल्में बनाने का कीड़ा स्कूल टाइम में लगा। विजय कृष्ण उन दिनों कानपुर के सेठ आनंद राम जयपुरिया स्कूल में पढ़ रहे थे। क्लास 11वीं में उन्होंने प्ले किया था। अगले दिन उन्हें पता चला कि उनके टीचर महफूज असलम ने 1985-86 के दौर में दो फिल्में 16 एमएम की स्क्रीन पर बनाई थीं। अपने टीचर की दोनों फिल्में देखने के बाद विजय को फिल्म मेकिंग का चस्का लग गया। कानपुर से 12वीं तक की पढ़ाई पूरी करने के बाद विजय दिल्ली के सेठ किरोड़ीमल कॉलेज से इंग्लिश लिटरेचर से ग्रेजुएट हो गए। इसके बाद 15 अगस्त 1992 में वह मुंबई गए और कुंदन शाह के साथ जुड़ गए। फिर मुंबई के ही होकर रह गए।