कानपुर देहात। रसूलाबाद थाना क्षेत्र के एक मोहल्ला निवासी किशोरी के अपहरण के मामले में वादी के मृत होने का प्रमाण पत्र रसूलाबाद चेयरमैन व एसओ ने कोर्ट में प्रस्तुत किया तो वादी कोर्ट पहुंच गया। कोर्ट ने चेयरमैन व एसओ को नोटिस जारी किया था, लेकिन बुधवार को सुनवाई टल गई। अब 20 अक्तूबर की तारीख पड़ी है।
एक व्यक्ति की पुत्री का तीन वर्ष पूर्व अपहरण हो गया था। पिता ने 1 नवंबर 2018 को नेहरू नगर निवासी शाहरुख समेत पांच लोगों पर नाबालिग बेटी को बहला फुसलाकर ले जाने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
पुलिस की जांच में चार अन्य आरोपियों के नाम केस से निकाल दिए गए। 3 नवंबर 2018 को किशोरी को ढूंढकर आरोपी की गिरफ्तारी 8 नवंबर 2018 को पुलिस ने की।
केस में पुलिस ने 6 दिसंबर 2018 को चार्ज शीट कोर्ट में भेजी। मौजूदा समय में मुकदमे की सुनवाई अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश/ एफटीसी की कोर्ट नंबर एक में चल रही है। आरोपी जमानत पर है।
इधर मार्च में रसूलाबाद चेयरमैन व एसओ ने वादी के मृत होने का प्रमाण पत्र कोर्ट में प्रस्तुत कर दिया। 13 सितंबर को सुनवाई की तारीख पर वादी कोर्ट में पहुंच गया।
उसने कोर्ट में उपस्थिति होने और बयान दर्ज करने का प्रार्थनापत्र दिया। कोर्ट की अनुमति पर उसका बयान दर्ज किया गया। इधर जीवित व्यक्ति को मृत बताने का प्रमाण पत्र प्रस्तुत करने पर कोर्ट ने रसूलाबाद चेयरमैन व एसओ को नोटिस जारी किया था।
दोनों को नोटिस तामील करा दिया गया है। बुधवार को कोर्ट में सुनवाई नहीं हो सकी। इसपर अब सुनवाई के लिए 20 अक्तूबर की तारीख दी गई है।
सहायक शासकीय अधिवक्ता प्रशांत मिश्र ने बताया कि कोर्ट ने रसूलाबाद चेयरमैन व एसओ को नोटिस जारी किया है। अब अगली तारीख पर सुनवाई होगी।