कानपुर देहात। जिले 1922 समेत मंडल के सभी परिषदीय स्कूलों बीमार होने पर बच्चों को तुरंत उपचार मिलेगा। इसके लिए शासन की ओर से स्कूलों में प्राथमिक उपचार की सुविधा शुरू की जा रही है। स्कूलों में मेडिकल किट उपलब्ध कराने की व्यवस्था शुरू कर दी गई है। इसमें दस प्रकार की दवाइयां होंगी।
जिले में 1252 प्राथमिक, 347 उच्च प्राथमिक व 322 संविलियन विद्यालय के अलावा एक कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय संचालित है। इनमें पंजीकृत 1.25 लाख से अधिक बच्चों को अब स्कूल में ही प्राथमिक उपचार की सुविधा मिलेगी। इन किटों में दस प्रकार की आवश्यक दवाएं शामिल हैं। यह किट कंपोजिट ग्रांट से खरीदी जाएगी। यह आपात स्थिति में बच्चों को तुरंत राहत देने में सहायक होंगी। पहले विद्यालयों में तत्काल उपचार की समुचित व्यवस्था नहीं थी।
मामूली बीमारी भी समय पर देखभाल न मिलने से गंभीर रूप ले लेती थी। नई व्यवस्था से बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित होगी और अभिभावकों को भी इससे राहत मिलेगी। बीईओ मनोज कुमार ने बताया कि सभी स्कूलों के प्राथमिक उपचार के लिए मेडिकल किट की व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा गया है। अधिकांश स्कूलों में किट की व्यवस्था कर दी गई है। जो स्कूल बाकी है उनमें जल्द व्यवस्था की जाएगी।
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वर्जन.............
परिषदीय विद्यालयों में मेडिकल किट खरीदने के लिए सभी बीएसए को निर्देशित किया गया है। यह किट कंपोजिट ग्रांट से खरीदी जा रही है। इसमें दस प्रकार की दवाएं होगी, जिससे जरूरत पड़ने पर बच्चों को प्राथमिक उपचार की सुविधा मिल सकेगी। - शिवेंद्र प्रताप सिंह, एडी बेसिक, कानपुर मंडल
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किट में रहेंगी यह 10 दवाइयां
मेडिकल किट में पैरासिटामॉल सिरप और ऑडेम सिरप भी शामिल किए जाएंगे। मेट्रोजिल सिरप और डाइक्लोमाइन सिरफ किट का हिस्सा होगा। साथ ही बीटाडीन मरहम, रुई और पट्टी के अलावा चिपकने वाली पट्टी जीवन रक्षक घोल पाउडर व ओफ्लॉकसासिन टैबलेट भी शामिल रहेगी। इस प्रकार इसमें 10 आवश्यक दवाओं को शामिल किया गया है।