देश में 75 फीसदी बिजली कोयले से पैदा होती है
अध्ययन में कारों को तीन श्रेणियों दो विदेशी श्रेणियों और एक भारतीय श्रेणी में विभाजित किया गया था। अध्ययन में पाया गया कि बैटरी इलेक्ट्रिक कारों (बीईवी) में बैटरी को बिजली से चार्ज करना पड़ता है, जबकि वर्तमान में देश में 75 फीसदी बिजली कोयले से पैदा होती है, जो कार्बन-डाई-ऑक्साइड उत्सर्जित करता है।
हाईब्रिड गाड़ियां बिजली और पेट्रोल दोनों से संचालित होती हैं
ऐसे में जितना इनका संचालन होगा, उतने ही कोयले की खपत बढ़ेगी और कार्बन डाई ऑक्साइड उतनी ही अधिक उत्सर्जित होगी। रिपोर्ट में बताया गया कि पारंपरिक इंजन वाली कारों की तुलना में हाईब्रिड कारों में प्रति लीटर डेढ़ से दोगुना तक माइलेज मिलता है। बता दें कि हाईब्रिड गाड़ियां बिजली और पेट्रोल दोनों से संचालित होती हैं।