कानपुर के फजलगंज थाना क्षेत्र नसीमाबाद रोड निवासी संतोष शर्मा (42) ने आर्थिक तंगी में जहर खाकर जान दे दी। मानसिक रूप से बीमार पत्नी ने पड़ोसियों को घटना की जानकारी दी।
पोस्टमार्टम हाउस में बड़े भाई के दिल्ली से शव लेने न पहुंचने पर अन्य रिश्तेदार भी शव को वहीं छोड़ कर चले गए। पुलिस के अनुसार संतोष टैक्सी चलाते थे।
संगीता के इलाज में काफी पैसे खर्च हो चुके थे। इलाज के लिए उन्होंने अपनी कार तक बेच दी, लेकिन सुधार नहीं हुआ। लॉकडाउन में उनकी आर्थिक स्थिति और खराब हो गई थी। कोई संतान नहीं थी।
कुछ दिनों से संतोष भी मानसिक तनाव में थे। इसी से आजिज आकर उन्होंने खुदकुशी कर ली। थाना प्रभारी अमित तोमर ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में जहर से मौत की पुष्टि हुई है। भांजे को बुलाकर पोस्टमार्टम कराया गया था, लेकिन परिजन शव को पोस्टमार्टम हाउस ही छोड़ गए।