कानपुर। स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही से मानक विहीन और अवैध नर्सिंगहोम फल-फूल रहे हैं। हालत यह है कि किस सीएचसी क्षेत्र में कितने नर्सिंगहोम और झोलाछाप हैं, यह सूची स्वास्थ्य विभाग के पास नहीं है। नर्सिंगहोमों के लिए जारी होने वाले मानकों का भी पालन नहीं हो रहा और कोई अधिकारी उन्हें देखने भी नहीं जाता। सीएमओ डॉ. हरिदत्त नेमी का कहना है कि सूची तैयार करने के लिए सीएचसी प्रभारियों को निर्देश जारी किया है।
सीएचसी प्रभारी की जिम्मेदारी होती है कि वह अपने क्षेत्र के मानक विहीन और अवैध नर्सिंगहोमों की सूची बनाकर दे और उनके खिलाफ कार्रवाई सुनिश्चित कराए। वर्ष 2020 में तत्कालीन सीएमओ ने सूची बनवाकर कार्रवाई शुरू की थी। उस समय कल्याणपुर, सरसौल सीएचसी क्षेत्र में झोलाछाप और अवैध नर्सिंगहोमों की सूची मिली लेकिन उनके तबादले के बाद पूरी फाइल गायब हो गई। उसके बाद दूसरे सीएमओ आए। नए सिरे से फिर सूची तैयार करवाई लेकिन कुछ नहीं हुआ। अब फिर नए सिरे सूची तैयार करवाई जा रही है।
स्वास्थ्य विभाग ने आदेश जारी किया था कि हर नर्सिंगहोम के गेट पर बोर्ड लगेगा। इस पर इलाज करने वाले डॉक्टरों की सूची, संसाधनों की उपलब्धता, किन रोगों की इलाज की सुविधा है आदि का ब्योरा रहेगा लेकिन विभागीय अधिकारी यह व्यवस्था दो साल के बाद भी सुनिश्चित नहीं करा पाए हैं। इस वजह से रोगियों के साथ धोखा हो रहा। सीएमओ डॉ. नेमी का कहना है कि टीम भेजकर मानकों का पालन सुनिश्चित करवाएंगे।