सूचना पर डॉ. हरीश डिविजनल अफसर पहुंचे और पूरे प्रकरण की जांच पड़ताल शुरू की। उन्होंने बताया कि चालक के मालगाड़ी को सुरक्षित ले जाने के प्रयास में पांच सौ मीटर तक का रेल रूट खराब हो गया था। सेक्शन इंजीनियर सहित अन्य कर्मचारी मौके पर पहुंचे और मरम्मत कार्य शुरू किया गया। इसके बाद सभी ट्रेनों को कासन देकर रवाना किया गया।