कानपर। चमनगंज थाने के हिस्ट्रीशीटर एजाजुद्दीन उर्फ सबलू को दो बाइक पर आए चार हमलावरों ने आर्यनगर चौराहे के पास सोमवार देर रात गोली मार दी। गंभीर हालत में उसे आर्यनगर के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। गोली उसके गले में फंसी है। प्रांरभिक जांच में 32 लाख रुपये के लेनदेन का विवाद सामने आया है। सबलू ने शाहिद पिच्चा के बहनोई समेत चार लोगों पर हमला करने का आरोप लगाया है।
चमनगंज निवासी सबलू पर चमनगंज, बेकनगंज, बजरिया, सीसामऊ समेत कई थानों में हत्या, लूट, हत्या का प्रयास समेत 25 से ज्यादा मुकदमे दर्ज हैं। सोमवार रात करीब 11:45 बजे सबलू चचेरे भाई मो. आकिब के साथ चाय पीने के लिए मोतीझील जा रहा था। होटल रिजेंटा के पास दो बाइक से आए चार हमलावरों में से एक ने असलहे से फायर कर दिया। गोली सबलू के गले में लगी और वह जमीन पर गिर गया। घटना के बाद हमलावर फरार हो गए। मो. आकिब ने परिजनों व पुलिस को जानकारी देकर आर्यनगर के निजी अस्पताल में भर्ती कराया। सूचना पर एडीसीपी सेंट्रल राजेश कुमार पांडेय भारी पुलिस बल के साथ घटनास्थल पहुंचे और छानबीन की। इस दौरान मौके से .32 बोर के कारतूस का खोखा मिला है। एसीपी आईपी सिंह ने बताया कि सबलू ने भइया फिरोज, शाहिद पिच्चा के बहनोई जीशान, सनी मौरंग समेत एक अन्य पर आरोप लगाया है। सबलू का कहना है कि उसको बिल्डर भइया फिरोज से 36 लाख रुपये लेने थे। वह कई बार मांग चुका था, लेकिन आरोपी उसे दे नहीं रहे थे। इसके चलते शहर में
शाहिद पिच्चा का विरोधी है सबलू
सूत्रों के अनुसार सबलू शाहिद पिच्चा का विरोधी है। दोनों के गिरोह में पूर्व में भी छत्तीस का आंकड़ा रहता था। पुलिस ने शाहिद पिच्चा को तीन दिन पहले मुठभेड़ में गिरफ्तार कर लिया है। ऐसे में गिरोह को उसकी मुखबिरी करने का शक है। फिलहाल आरोपियों की तलाश की जा रही है।