कानपुर में आधार एनेबल्ड पेमेंट सिस्टम (एईपीसी) के जरिए ट्रांजेक्शन करने वाली कंपनी का एजेंट बन साइबर ठग ने 400 लोगों के खातों से 15 लाख रुपये पार कर दिए। आरोपी ने ग्राहकों के फिंगर प्रिंट का क्लोन बना ठगी की। रायपुरवा स्थित कंपनी के हेड ऑफिस के अफसर ने रायपुरवा थाने में तहरीर दे एफआईआर कराई है।
रेडिमिल बिजनेस मॉल प्रालि कंपनी का रायपुरवा में हेड ऑफिस है। कंपनी के अधिकारी नवीन खेराजनी ने बताया कि आधार एनेबल्ड पेमेंट सिस्टम और मनी ट्रांसफर की सुविधा कंपनी के जरिये दी जाती है। ये सुविधा पूरे भारत में है।
कंपनी का ऐप डाउनलोड कर सत्यापन प्रक्रिया पूरी कर अलग-अलग शहरों के लोग कंपनी के एजेंट बनाए गए हैं। जो ग्राहकों को सुविधा उपलब्ध कराते हैं। उनके मुताबिक तीन फेक आईडी के जरिये एक शख्स कंपनी का एजेंट बन गया। जो ग्राहक उसके पास गए और आधार एटीएम का इस्तेमाल किया उसके उसने फिंगर प्रिंट के क्लोन बना लिए।
फिर 18 मई 2021 से लेकर 15 जून 2021 के बीच तकरीबन 400 लागों के खातों से तकरीबन 15 लाख रुपये पार कर दिए। ठगी का शिकार हुए लोग देश के अलग-अलग राज्यों के हैं। जब कंपनी के पास शिकायतें पहुंची तब इसकी जानकारी हुई। ठग ने राम जन्म भूमि तीर्थ क्षेत्र और दो चैरिटेबल ट्रस्ट के नाम से कंपनी में आईडी खोली थी।