कानपुर में मंगलवार को कोरोना से चार और संक्रमितों की मौत हो गई। तीन रोगियों का इलाज गंभीर हालत में हैलट में चल रहा था। एक रोगी एसजीपीजीआई से यहां आया था जिसकी कुछ देर के बाद मौत हो गई। सभी रोगी कोमॉर्बिड रहे हैं। उन्हें दूसरी बीमारियां रहीं हैं, बाद में कोरोना संक्रमण से हालत बिगड़ गई। दो रोगियों की मौत सोमवार देर रात हुई थी।
इसके अलावा मंगलवार को फतेहपुर की 13 साल की किशोरी की हैलट में मौत हुई है। कोरोना संक्रमण से उसके दोनों फेफड़े खराब हो गए। एसजीपीजीआई से आने वाले रोगी को गैंगरीन रहा है। इसके अलावा वह कोविड पॉजीटिव था। फतेहपुर की किशोरी और गैंगरीन रोगी को अभी कोविड पोर्टल पर नोटिफाई नहीं किया गया। पुराने दो रोगी ही नोटिफाई किए गए।
सीएमओ रिपोर्ट के मुताबिक यशोदा नगर की रहने वाली 68 वर्षीय वृद्धा की मौत हो गई। उन्हें डायबिटीज, हाइपरटेंशन, दमा, गुर्दा रोग रहा है। इसके साथ ही पनकी रहने वाले 63 वर्षीय पुरुष रोगी की मौत हुई है। उन्हें भी डायबिटीज, हाइपरटेंशन, अस्थमा आदि रोग रहे हैं। अब तक नगर में कोरोना से कुल 1913 रोगियों की मौत हुई है। इसके अलावा फतेहपुर की किशोरी समेत दो अन्य रोगी मरे हैं।
कोरोना संक्रमण का फैलाव नए इलाकों को चपेट में ले रहा है। खासतौर पर अस्पतालों में संक्रमण बढ़ रहा है। जीएसवीएम मेडिकल कालेज के पांच डॉक्टर कोरोना की चपेट में आए हैं। इसी तरह उर्सला, कांशीराम अस्पताल, रामा मेडिकल कालेज के डॉक्टर और स्टाफ संक्रमण की चपेट में है। मंगलवार को नगर के 70 मोहल्लों में कोरोना के 337 नए संक्रमित मिले हैं।
जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज, उर्सला, कांशीराम अस्पताल, आईआईटी में संक्रमित लगातार मिल रहे हैं। इसके अलावा सर्किट हाउस में भी संक्रमित मिले। वहीं दूसरी तरफ कोरोना से जंग जीतने वालों की संख्या भी बढ़ रही है। 24 घंटे के अंदर 580 संक्रमण मुक्त हो गए। 15 कोरोना रोगी हैलट से डिस्चार्ज किए गए और 565 घर में ठीक हो गए।
नगर में अब तक कुल 90790 लोग कोरोना संक्रमित हो चुके हैं। इनमें 85275 ठीक हो गए हैं। सबसे अधिक 73832 संक्रमित होम आइसोलेशन में ठीक हुए हैं। स्वास्थ्य विभाग की टीमों ने कोरोना संदिग्ध 7288 लोगों की सैंपलिंग की है।