फर्म को दोबारा ऐसा न करने की चेतावनी
उन्होंने जांच की तो डेंगू वार्ड, महिला-पुरुष वार्ड, सर्जिकल वार्ड आदि में भर्ती मरीजों को दिए जाने वाले ताजा फलों की जगह सड़े-गले फल दिए जाने की मामला सही पाया गया। संबंधित फर्म से जब पूछताछ की गई तो वह कोई जवाब नहीं दे सके। नोडल अधिकारी ने रिपोर्ट सीएमएस को सौंप दी। सीएमएस डॉ. एमएम आर्या ने बताया कि संबंधित फर्म को दोबारा ऐसा न करने की चेतावनी दी गई है। साथ ही कहा कि अगले साल इस फर्म को अब ठेका नहीं दिया जाएगा।