शासन ने सचेंडी के किसान नगर में ऑटोमेटिक वाहन फिटनेस सेंटर बनवाने का आठ करोड़ 39 लाख 35 हजार रुपये का बजट दिसंबर 2019 में जारी किया था। 2021 में इसे चालू होना था, लेकिन बनने के बाद मशीनें न आने से इसे शुरू नहीं कराया जा सका है।
ड्राइवर बोले- रोजाना कमाने खाने वालों को भी नहीं छोड़ते
यशोदा नगर में तिपहिया लोडर लेकर फिटनेस कराने आए रहमत ने बताया कि तीन दिन तक उन्हें वापस किया गया। कहा गया कि वाहन बॉडी के ऊपर तिरपाल बांधने के लिए जो एंगल लगाया है, वह नियमों का उल्लंघन है। इसे कटवाकर लाओ।
ऐसी दूसरी कई गाड़ियों की फिटनेस होने का हवाला दिया, तो दलाल ने कहा कि 2500 रुपये दो काम हो जाएगा। दादानगर नहर पट्टी के अमन ने बताया कि उनके लोडर में रेडियम पट्टी लगी थी। फिटनेस सेंटर के दलाल ने कहा कि यह नहीं मानी जाएगी। वहां एक दूसरा दलाल पट्टी लगाने का काम कर रहा था। उसने पांच मीटर रेडियम पट्टी के 610 रुपये लिए।
कल्याणपुर के अमित दुबे की ओमनी कार स्कूल में लगी है। उनकी कार में भी रेडियम पट्टी गलत बताकर फिटनेस के तीन हजार रुपये लिए गए। इसी तरह दादानगर के रामबाबू ने बताया कि लोडर की फिटनेस के लिए चार दिनों से चक्कर लगा रहा हूं। उन्होंने बताया कि साइलेंसर से आवाज बहुत आ रही है। ठीक कराकर लाओ।
ठीक कराकर पहुंचे, तो कहा गलत हो गया, साइलेंसर बदलाकर लाओ। फिर दलाल को दो हजार रुपये दिए और फिटनेस हो गई। इन ड्राइवरों ने कहा कि रोज कमाने खाने वालों से फिटनेस के नाम पर वसूली हो रही है। बड़े ट्रांसपोर्टरों और बस मालिकों की अफसरों से ही बातचीत हो जाती है।
आरआई बोले- मेरे सामने कोई ऐसा आया हो, तो बताओ
दलालों की कारगुजारियों की जानकारी जब आरआई अजीत सिंह को दी, तो उन्होंने कहा कि मेरे सामने जो भी वाहन के आवेदन फार्म आए हैं, उन्हें सामने लाइए। उन्होंने कहा कि सुबह छह बजे से यह काम चल रहा है और जो फार्म आपको देने वाले हैं। यह विभाग का स्टाफ है या कोई और। इसके बारे में कोई जानकारी उन्होंने नहीं दी।
ऑटोमेटिक वाहन फिटनेस सेंटर बनकर तैयार है। जैसे ही यूपी राज्य निर्माण सहकारी संघ मशीनें उपलब्ध करा देगा, तो इसे चालू करा दिया जाएगा। फिटनेस सेंटर में अगर किसी की शिकायत है, तो वह उनसे सर्वोदय नगर ऑफिस में आकर कर सकता है। कार्रवाई की जाएगी। -राजेश सिंह, आरटीओ प्रशासन, कानपुर नगर