मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ता है
इसके बावजूद अस्पताल प्रशासन ने इस मशीन को सही कराने की जरूरत नहीं समझी। महिला अस्पताल में आने वाले मरीजों को लैब के कर्मचारी पुरुष अस्पताल में भेजते हैं। यहां भीड़ होने की वजह से मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।
सीएमएस बोले- इंजीनियर को बुलाएंगे
स्थिति यह है कि परेशानी से बचने के लिए कई महिला मरीज निजी लैब में जाने को मजबूर होते हैं। सीएमएस डॉ. कैलाश दुल्हानी ने पहले मशीन खराब होने से अनभिज्ञता जताई। जब चार दिन से खराब होने की जानकारी दी गई, तो बताया कि वह अभी दिखवाकर सही कराने के लिए इंजीनियर को बुलाएंगे।