रिटायर्ड तहसीलदार ने घर में फंदा लगाकर जान दे दी। वह मानसिक, गठिया और साइटिका रोग से पीड़ित थे। शहर कोतवाली क्षेत्र की डीएम काॅलोनी निवासी कौशल प्रसाद (70) ने शुक्रवार की शाम करीब पांच बजे मकान की दूसरी मंजिल पर बने कमरे में रस्सी से पंखे में फंदा लगा लिया। उस समय बेटा और पत्नी निचले तल में थे। जब काफी देर तक आहट नहीं मिली तो वह ऊपर गए तो उन्हें फंदे से लटका पाया।
बेटे अनिल कुमार विश्वकर्मा ने बताया कि कौशल प्रसाद वर्ष 2014 में पैलानी तहसील के तहसीलदार के पद से रिटायर हुए थे। पांच साल से वह मानसिक रोग से ग्रसित थे। उनका ग्वालियर में इलाज चल रहा था। उन्हें गठिया और साइटिका की भी बीमारी थी। एक साल के अंतराल में वह कई बार जान देने की कोशिश कर चुके थे।
घर में उनकी पत्नी सुमित्रा देवी व एकमात्र पुत्र अनिल बेसिक शिक्षा विभाग में सहायक अध्यापक के पद पर तैनात हैं। शहर कोतवाल पंकज सिंह ने बताया कि रिटायर्ड तहसीलदार बीमारी से ग्रसित थे। इसी के चलते उन्होंने यह आत्मघाती कदम उठाया है। शव का पोस्टमार्टम कराया गया है।