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अमर उजाला फाउंडेशन: उरई में अपराजिता कार्यक्रम, छात्र-छात्राओं को मिली विधि जानकारी, लड़कियों ने खूब पूछे सवाल

Wed, 10 Apr 2024 11:31 AM IST
हिमांशु अवस्थी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उरई

सार

Orai News: चौधरी चरण सिंह बालिका इंटर कॉलेज में आयोजित अपराजिता कार्यक्रम में छात्र-छात्राओं को विधिक जानकारी मिली। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे कॉलेज प्रबंधक बलराम लंबरदार ने कहा कि ऐसे कार्यक्रमों से बच्चों में जागरूकता आती है।  
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छात्र-छात्राओं को जानकारी देतीं अधिवक्ता नेहा निरंजन व अन्य - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से मंगलवार को चौधरी चरण सिंह बालिका इंटर कॉलेज, उरई में अपराजिता कार्यक्रम आयोजित किया गया। जिसमें छात्र-छात्राओं को विधिक जानकारियां दी गईं और अधिकारों के बारे में बताया गया। साथ ही सोशल नेटवर्किंग साइट पर सावधानियां बरतने की जानकारी दी गई। छात्राओं ने जमकर सवाल पूछे।

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वरिष्ठ अधिवक्ता साधना त्रिपाठी ने कहा कि हर व्यक्ति को कानूनी की जानकारी होना जरूरी है। छात्राओं को कानूनी जानकारियां सीखकर इसका लाभ लेने चाहिए। दहेज लेना और देना दोनों अपराध की श्रेणी में आता है। वरिष्ठ अधिवक्ता नेहा निरंजन ने बताया कि हेल्पलाइन नंबर 112 और 1090 का लाभ लेना चाहिए। इन हेल्पलाइन नंबरों से किसी परेशानी के वक्त तत्काल मदद मिलती है।
अगर छात्र-छात्राएं सोशल मीडिया चलाते हैं, तो टू फैक्टर सिक्योरिटी जरूर चालू रखें। अनजान लोगों को नहीं जोड़ें। इससे आपका अकाउंट हैक नहीं होगा। अधिवक्ता निखत ने कहा कि लड़कियों को परेशानी पर पुलिस से शिकायत करनी चाहिए, पुलिस न सुने तो कोर्ट पहुंचे। अगर केस लड़ने के लिए वकील नहीं मिलता है तो आप सरकारी वकील कर सकते हैं, जो आपका केस निशुल्क लड़ेगा।

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कॉलेज प्रबंधक बोले- ऐसे कार्यक्रमों से बच्चों में जागरूकता आती है
अधिवक्ता अंशुमन दीक्षित ने कहा कि बालिकाओं को आत्म रक्षा के लिए भी कुछ सीखना चाहिए। अध्यक्षता कर रहे कॉलेज के प्रबंधक बलराम लंबरदार ने कहा कि ऐसे कार्यक्रमों से बच्चों में जागरूकता आती है। इस दौरान प्रधानाचार्य भगवान स्वरूप, संदीप निरंजन, दिनेश राठौर, रामप्रकाश, प्रदीप मिश्रा, सुनील निरंजन, राहुल, संगीत विश्वकर्मा, दिनेश, मुकेश निरंजन, अमित, अरुण, राजेंद्र निरंजन, कस्तूरी, मीना, अंजू, प्रियंका, अनीता, सरोज आदि ने सहयोग किया।

छात्र-छात्राओं और अधिवक्ताओं के बीच हुए सवाल-जवाब

प्रश्न: छात्रा आकांक्षा ने कहा की लड़के वाले शादी में दहेज क्यों मांगते है और लड़के-लड़कियों को गलत नजर से क्यों देखते हैं।
उत्तर: दहेज मांगना कानूनी अपराध है। इसको लेकर लगातार प्रशासन लोगों को सतर्क कर रहा है। ऐसे मामलों पर कार्रवाई होती है। इस लिए अगर कहीं भी इस प्रकार मामला आए तो उसकी शिकायत करें।

प्रश्न: हाईस्कूल छात्रा राधिका ने कहा कि लड़कियों को उनके घरवाले घर से बाहर क्यों नहीं निकलने देते हैं। घर के अंदर ही रहने के लिए कहते हैं।
उत्तर: आप सभी को इन्हीं चीजों से लड़ना है, कभी खुद गलत न हो। अगर कोई परेशान करे तो उसको कानून के तरीके से जवाब दो। घर वालों से कोई चीज न छिपाओ। इसमें घर वाले भी आपके सहयोगी बनेंगे।

प्रश्न: हाईस्कूल छात्र राजवीर ने कहा कि लड़कियां-लडकों को झूठे मुकदमा में क्यों फंसाती हैं। क्या लड़कों के लिए कोई कानून नहीं है।
उत्तर: कानून सब के लिए बराबर है। अगर कोई परेशान करता है तो उसके खिलाफ पुलिस से शिकायत करें। अगर पुलिस नहीं सुनें तो कोर्ट से मुकदमा करें।
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प्रश्न: कक्षा नौ की छात्रा आकांक्षा ने कहा कि मोबाइल का उपयोग करना चाहिए या नहीं।
उत्तर: मोबाइल पर का उपयोग आप अपनी पढ़ाई के लिए करें। इंटर तक हो सके तो सोशल मीडिया अकाउंट से दूरी बनाएं रखें।
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