अरौल से गुजरे मुख्यमंत्री ने एक्सप्रेस की हकीकत देखी
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लखनऊ-आगरा ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस वे के निरीक्षण पर निकले सीएम अखिलेश यादव पारिवारिक विवाद के सवालों पर तो चुप रहे, लेकिन विकास कार्यों की चर्चा पर जमकर चहके। उन्होंने विकास की चर्चा शुरू होते सुरक्षा घेरे में लगे कर्मियों को रोककर लोहिया आवास, समाजवादी पेंशन, मेट्रो, बिजली, कंप्यूटरीकरण की जानकारी दी। सीएम ने नेता जी को ही सपा में सिर्फ एकमात्र सुप्रीमो बताया। एक्सप्रेस वे के निरीक्षण के दौरान बेटी टीना और अदिति भी पूरे दौरे में साथ रहीं।
कानपुर बिल्हौर तहसील क्षेत्र के अरौल कस्बे से निकले मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ग्रामीणों, किसानों और पार्टी पदाधिकारियों से बेहद ही सौम्य भाव से मिले। बहरमापुर गंगा पुल पर रुककर निर्माण कार्य देखने के दौरान जब समाजवादी परिवार में चल रहे विवाद पर बातें शुरू हुई तो अखिलेश यादव ने कोई भी बात करने से साफ इंकार कर दिया, और अपनी गाड़ी में जाकर बैठ गए। लेकिन जब अरौल में कन्नौज पार्टी पदाधिकारियों द्वारा विकास पुरुष अखिलेश की नारेबाजी हुई तो सीएम काफी देर तक रुके और चार वर्षों में कराए गए विकास कार्यों के बारे में बताते हुए खूब चहके।
सीएम ने विवाद को दरकिनार करते हुए विकास को ही विधानसभा चुनाव का मुख्य एजेंडा बताया। कहा कि यदि प्रदेश की जनता विकास चाहती है तो आने वाले वर्षों में जो रफ्तार लखनऊ-आगरा ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस वे के निर्माण की स्पीड रही, उसी तेजी से प्रदेश में विकास की गंगा बहाएंगे। सीएम के काफिले के साथ उनकी बेटी अदिति कार के अंदर से मोबाइल पर हाइवे की फोटो लेती भी दिखीं।