झींझक। कृषि कानून किसान विरोधी है। यह लागू रहा तो किसान खेत का मालिक नहीं रहेगा। पहली प्राथमिकता है कि पार्टी का सपा से गठबंधन हो। अगर नहीं होता तो जिस भी पार्टी से गठबंधन होगा, रसूलाबाद से मैं ही चुनाव लड़ूंगा। यह बात झींझक में आयोजित कार्यकर्ता सम्मेलन में प्रसपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता व पूर्व मंत्री शिवकुमार बेरिया ने कहीं।
उन्होंने कहा कि अच्छे दिनों का वादा करने वाली सरकार मेें देश के अन्नदाता कृषि कानून के विरोध में दिल्ली के बॉर्डर पर पिछले आठ महीने से धरने पर बैठे हैं और सरकार ध्यान नही दे रही। जिसमें कई किसानों की मौत हो चुकी है। उन्होंने कहा कि चुनाव नजदीक आते ही कई नेता आते हैं और लोगों से तरह-तरह के वादे भी करते है।
चुनाव होने के बाद वह गायब हो जाते हैं। उन्होंने कहा कि वह कार्यकर्ताओं के लिए हमेशा लड़ते रहेंगे। जिलाध्यक्ष राजेश सिंह ने कहा कि सभी कार्यकर्ता अभी से चुनाव की तैयारी में जुट जाएं। प्रत्येक बूथ पर 15 सक्रिय कार्यकर्ताओं के नाम व मोबाइल नंबरों की सूची तैयार कर कार्यालय में उपलब्ध कराएं।
इसके पूर्व कार्यकर्ताओं ने राष्ट्रीय प्रवक्ता को 61 किलो की पुष्पमाला पहनाकर स्वागत किया। सम्मेलन में राष्ट्रीय सचिव रामशंकर गुप्ता, सत्यवीर यादव, अंकुश यादव, दीपू यादव, गीतेश दीक्षित, रविंद्र पालीवाल आदि मौजूद रहे।