इस सजा को लोग कम मान रहे और फांसी की सजा चाहते हैं। मौलाना उमर व नुरुल हुदा प्रबंधक समेत तीन पर चार्जशीट लगने के करीब दो साल बीतने वाले हैं। यहां के मुकदमे में अभी कोई फैसला नहीं आ सका है। शहर के हरिहरगंज स्थित ईसीआई और प्रेस बिटेरियन चर्चों पर अवैध धर्मांतरण की फैक्टरी तीन से चार दशकों से चलती आ रही है।
150-150 लोगों पर दर्ज कराए गए थे मामले
मिशनरी का भांडाफोड़ 14 अप्रैल 2022 की शाम ईसीआई चर्च में विहिप के हंगामे के बाद हुआ। उस समय पादरी मुकुल समेत 55 नामजद हुए। इस मामले की जांच में प्रयागराज नैनी स्थित एग्रीकल्चर यूनिवर्सिटी के चांसलर, वीसी समेत करीब 150 लोग नामजदगी बढ़ी। इस एक मुकदमे के चार मामले धर्मपरिवर्तन पीड़ितों की ओर 150-150 लोगों पर दर्ज कराए गए।
2022 में हुआ था सामूहिक धर्मपरिवर्तन की फैक्टरी का भंडाफोड़
इस जांच में वर्ल्ड विजन संस्था, मिशन हास्पिटल संस्था समेत मिशनरी की कई संस्थाएं कार्रवाई के दायरे में आई। संस्थाओं को सुप्रीम कोर्ट से राहत मिल सकी। सदर कोतवाली क्षेत्र तुराबअली का पुरवा सईद गार्डेन में 21 जून 2022 सामूहिक धर्मपरिवर्तन की फैक्टरी का भांडाफोड़ वाराणसी के सुधांशू की शिकायत पर हुआ था।
मुस्लिम धर्म की शिक्षा दिलाई जाती थी
यहां दो कमरों में 60 छात्र मिले थे। दूर-दूर के जिलों से बेरोजगारों को रोजगार का लालच देकर युवकों को बिहार के इकलाख और उसके गैंग के सदस्य बुलाते थे। उन्हें मौलवी से रोजगार प्रशिक्षण के नाम पर मुस्लिम धर्म की शिक्षा दिलाई जाती थी। उनके केंद्र आबूनगर, लखनऊ बाईपास समेत कई इलाकों में चलते थे। सुधांशू की शिकायत पर कंपनी के हेड इकलाख, अरमान अली, मोहसिन, यासीन, आलिम कई अन्य के खिलाफ मुकदमा दर्ज हुआ था। बताया जाता है कि इकलाख अभी तक फरार है।
बीते दिनों सामने आए धर्मपरिवर्तन के मामले
- अगस्त 2024- खागा कोतवाली की युवती को महाराष्ट्र ले जाकर धर्मपरिवर्तन किया।
- जनवरी 2023- बकेवर थाना क्षेत्र की युवती को अगवा कर घाटमपुर के अमन कुरैशी ने कराया धर्मपरिवर्तन।
- अक्तूबर 2023- खखरेरू थाने के कठरिया में ईसाई मिशनरी का सामूहिक धर्मपरिवर्तन।