धार्मिक टिप्पणी करने पर समुदाय विशेष के लोगों का
पारा चढ़ गया। सोमवार को करीब चार घंटे तक गुरसहायगंज-फर्रुखाबाद मार्ग पर
जाम लगाकर यातायात ठप कर दिया, वहीं कई स्थानों पर पुतले फूंककर नाराजगी
जताई गई। इससे वाहनों की लंबी कतारें लग गईं।
इसके बाद उप जिलाधिकारी
को ज्ञापन सौंपकर कार्रवाई की मांग की गई। व्हाट्सएप पर अखिल भारतीय हिंदू
महासभा के नेता कमलेश तिवारी की विवादित टिप्पणी की जानकारी मिलते ही लोग
भड़क गए। सुबह सात बजे से ही हजारों लोग नारेबाजी करते हुए सड़क पर एकत्र
हो गए। एक धार्मिक स्थल के मौलाना भी इस दौरान शामिल हुए।
हाथों में
पट्टिकाएं लेकर लोगों ने कमलेश तिवारी मुर्दाबाद के नारे लगाए। कस्बे में
पश्चिमी स्वागत द्वार से लेकर जगह-जगह पुतला फूंकते हुए पूर्वी स्वागत
द्वार तक लोग नारेबाजी करते हुए जुलूस की शक्ल में पहुंचे। इस दौरान तीखी
नाराजगी जताते हुए विवादित बयान के खिलाफ कार्रवाई की मांग की गई। उधर,
मामले की जानकारी मिलते पुलिस प्रशासन सक्रिय हो गया।
गुरसहायगंज थाना
प्रभारी बीएल यादव मौके पर पहुंचे। इसके बाद सदर सीओ करन सिंह, छिबरामऊ के
उप जिलाधिकारी महेश प्रसाद दीक्षित भी मौके पर पहुंचे। उच्चाधिकारियों ने
काफी देर तक नाराज लोगों को समझाया और पुलिस अधिकारियों को पत्र लिखकर
कार्रवाई कराने का भरोसा दिलाया।
इसके बाद नाराज मौलवी और अन्य मौलानाओं ने
एक ज्ञापन उप जिलाधिकारी को सौंपा। इसमें विवादित टिप्पणी करने वाले कमलेश
तिवारी को गिरफ्तार करके रासुका के तहत कार्रवाई करने एवं उम्र कैद की सजा
देने की मांग की। करीब चार घंट तक भीड़ लगातार विरोध प्रदर्शन करती रही।
इस कारण मार्ग पर दोनों तरफ आने-जाने वाले वाहनों की लंबी कतारें लग गईं।
कई लोग दूसरे रास्ते से होकर गंतव्य तक पहुंचे।