गुरसहायगंज। बच्चे को जन्म देने के बाद एक प्रसूता की इलाज के दौरान बुधवार को मौत हो गई। इसके बाद मायके पक्ष के लोगों ने अस्पताल पर सही उपचार न करने का आरोप लगाते हुए हंगामा किया। सूचना मिलने पर पहुंची पुलिस ने मामले को शांत कराया और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
कोतवाली क्षेत्र की चौकी इंदिरानगर के गांव बनियानी निवासी दिनेश हरियाणा की राजधानी चंडीगढ़ में रहकर निजी कंपनी में मजदूरी करते हैं। दिनेश के पिता श्रीदयाल सिसोदिया 15 वर्षों से परिवार समेत वहीं रहकर सब्जी बेचने का काम करते हैं। दिनेश की शादी एक वर्ष पूर्व कानपुर जिले के ककवन थाना क्षेत्र के गांव धनसी नवादा निवासी हरिकृष्ण की 24 वर्षीय बेटी प्रियंका के साथ हुई थी। परिजनों ने बताया कि मंगलवार को प्रियंका को अचानक तेज प्रसव पीड़ा होने लगी। इस पर परिजनों ने उसे एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया। वहां ऑपरेशन के बाद पुत्र को जन्म दिया। बच्चे के जन्म से परिवार में खुशी का माहौल था, लेकिन अगले ही दिन प्रियंका की हालत अचानक बिगड़ गई और उसकी मौत हो गई। मौत की खबर से परिजनों में चीख-पुकार मच गई।
घटना की सूचना मायके पक्ष को दी गई। उन लोगों ने शव को पैतृक गांव लाने को कहा। दिनेश रात में ही शव लेकर गांव बनियानी पहुंच गया। सुबह मायके पक्ष के लोग गांव पहुंचे और अस्पताल पर सही इलाज न करने का आरोप लगाते हुए हंगामा किया। उन्होंने कोतवाली पुलिस को प्रार्थना पत्र भी दिया। पुलिस ने हस्तक्षेप कर मामले को शांत कराया और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। कोतवाल अजय अवस्थी ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
उधर, मां की मौत के बाद दो दिन के नवजात शिशु की देखभाल की जिम्मेदारी परिवार पर आ गई। दिनेश के छोटे भाई राकेश की पत्नी संयोगिता ने नवजात को गोद में लेकर उसकी परवरिश का जिम्मा संभाला है। इससे परिवार के लोगों को कुछ हद तक सहारा मिला है। यह कदम परिवार के लिए एक भावनात्मक संबल बना है।