कन्नौज। कोविड-19 वैश्विक महामारी के दौरान जरूरतमंदों को राशन मुहैया कराने के फरमान को पूर्ति विभाग पलीता लगा रहा है। लॉकडाउन के बाद से कई लोग राशन कार्ड बनवाने के लिए सदर तहसील के चक्कर काट रहे हैं। इनके कार्ड नहीं बन रहे हैं। प्रवासी श्रमिकों से लेकर स्थानीय लोगों के करीब दो हजार आवेदन सदर तहसील में धूल खा रहे हैं।
जिले में करीब 326201 राशन कार्ड धारक हैं। इनमें 29430 अंत्योदय कार्ड धारक हैं। जरूरतमंदों को राशन मुहैया कराने के लिए जिले के शहरी इलाकों में 17 और ग्रामीण क्षेत्रों में 590 सरकारी राशन की दुकानें हैं। कोरोना महामारी के चलते केंद्र सरकार ने प्रत्येक यूनिट पर पांच किलो राशन मुहैया कराने के आदेश दिए हैं। ऐसे में कई लोगों को योजना का लाभ नहीं मिल रहा है। आर्थिक तंगी में राशन पाने के लिए करीब दो हजार लोगों ने सदर कोतवाली में आवेदन किया है। पूर्ति अधिकारी की लापरवाही के चलते इनके राशन कार्ड नहीं बन रहे हैं। सचिव और लेखपाल की संस्तुति के बाद भी पूर्ति निरीक्षक जिला पूर्ति अधिकारी से संस्तुति कराने के लिए भेज रहे हैं।
वहीं जिला पूर्ति अधिकारी सदर तहसील के पूर्ति निरीक्षक पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए आवेदकों के कार्ड न बनने की बात कह रहे हैं। एसडीएम सदर अपूर्वा यादव ने बताया कि कई लोगों ने राशन कार्ड न बनने की शिकायत की है। वह जल्द बैठक कर समीक्षा करेंगी। लापरवाही बरतने वाले लोगों पर कार्रवाई की जाएगी।