छिबरामऊ(कन्नौज)। बहबलपुर में ट्रांसफार्मर का जंफर जोड़ते समय 28 मई को झुलसे संविदा पर लाइनमैन की उपचार के दौरान गुरुवार सुबह आगरा में मौत हो गई। शव आने पर परिजन व गांव के लोग आक्रोशित हो गए। यह शव लेकर बिजली घर पहुंच गए। इन्होंने अधिशासी अभियंता कार्यालय के सामने धरना-प्रदर्शन कर हंगामा शुरू कर दिया। मुआवजे के आश्वासन पर दो घंटे बाद धरना खत्म किया।
गुरुवार को संविदा पर लाइनमैन दयानंद(34) का शव गांव में पहुंचने पर परिजन और गांव के लोग भड़क गए। परिजन और गांव के लोग ट्रैक्टरों से बिजली घर पहुंच गए। यह शव को अधिशासी अभियंता कार्यालय के सामने रखकर हंगामा करने लगे। जानकारी पर एसडीएम देवेश गुप्ता, सीओ शिवकुमार थापा, प्रभारी कोतवाल सुदेश कुमार, बहबलपुर चौकी इंचार्ज संजेश कुमार सहित पुलिसकर्मी बिजली घर पहुंच गए। हंगामा करने वाले मुआवजे की मांग कर रहे थे। इस पर अधिशासी अभियंता रवींद्र कुमार को मौके पर बुलाया गया। परिजन व ग्रामीण मुआवजे के लिए लिखित आश्वासन मांग रहे थे। एसडीएम, सीओ के समझाने पर यह मानने को तैयार नहीं हुए। अधिशासी अभियंता रवींद्र कुमार के मुआवजा दिलवाने केे आश्वासन पर यह माने। वहीं मौके पर पहुंचे समाजसेवी अनुपम वाजपेई ने कहा कि अगर पांच माह के अंदर मुआवजा न मिला तो 50 हजार रुपये वह अपने पास से देंगे।
दयानंद के परिवार में पत्नी, छह वर्ष का बेटा व तीन माह की बेटी है। पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। इस दौरान सपा नेता योगेंद्र यादव, पूर्व सभासद बृजेश वाल्मीकि, सभासद अक्कू भदौरिया, सभासद जयप्रकाश, बंटू यादव, शिवम यादव सहित कई लोग मौजूद रहे।