झांसी। स्मार्ट सिटी के तहत प्रस्तावित स्मार्ट सड़क अब नहीं बन सकेगी। सड़क निर्माण के बड़े बजट को लेकर सीएम ने अफसरों को निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री की समीक्षा बैठक के दौरान सड़क के बजट को लेकर सवाल उठने पर सीएम ने सड़क के बजट को दूसरे काम में लगाने के लिए कहा है।
महानगर में स्मार्ट सिटी के तहत रेलवे स्टेशन से मिनर्वा तक नौ किमी लंबी स्मार्ट सड़क बनाने का काम प्रस्तावित किया गया है। इस सड़क के निर्माण पर 90 करोड़ रुपये की धनराशि खर्च की जानी है। स्मार्ट सिटी के तहत सड़क निर्माण का टेंडर किया गया, तो एक कंपनी ने टेंडर प्रक्रिया में गड़बड़ी का आरोप लगाते हुए न्यायालय में वाद दायर कर दिया। जहां मामले में सुनवाई चल रही है। इस बीच झांसी दौरे पर आए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से जनप्रतिनिधियों से इस मामले को रखा। समीक्षा बैठक के दौरान जनप्रतिनिधियों ने कहा कि स्मार्ट सिटी के तहत 90 करोड़ रुपये से सड़क बनाई जा रही है। जबकि सड़क मार्ग की स्थिति इतनी खराब नहीं हैं।
जनप्रतिनधियों की ओर से सुझाव रखा गया कि सड़क निर्माण के बजट को दूसरे किसी विकास कार्य पर खर्च किया जाए। इस पर मुख्यमंत्री ने भी सहमति जताते हुए अफसरों को सड़क निर्माण को लेकर विचार करने के निर्देश दिए हैं। ऐसे में साफ है कि अब स्मार्ट सड़क का निर्माण नहीं हो सकेगा। बताया जाता है कि सीएम ने स्मार्ट सड़क के बजट को ट्रॉमा सेंटर, कैंसर अस्पताल निर्माण पर खर्च करने के लिए कहा है। इसे लेकर स्मार्ट सिटी के अफसर विचार कर रहे हैं।
समीक्षा बैठक में दिए गए निर्देशों को लेकर स्मार्ट सिटी की बोर्ड बैठक में विचार किया जाएगा। अगर बोर्ड की सहमति के बाद दूसरे काम में बजट का उपयोग किया जाएगा। तब तक समीक्षा बैठक का कार्यवृत्त मिल जाएगा, उसमें दिए गए निर्देशों के अनुरूप कार्रवाई करेंगे। - अवनीश कुमार राय, नगर आयुक्त/ सीईओ स्मार्ट सिटी