आरोप है कि तीन जुलाई 2014 को ससुरालीजन तलाकनामा लेकर घर पहुंचे। कहा गया कि पंद्रह लाख रुपये दो या फिर तलाकनामे पर हस्ताक्षर करो। इनकार करने पर उसके साथ मारपीट की गई। इसके बाद उसने मेडिकल कराने के बाद रिपोर्ट दर्ज कराई। घरेलू हिंसा का मुकदमा न्यायालय में दाखिल किया गया, जो विचाराधीन है। एक अन्य मुकदमा भरण पोषण के लिए किया गया है। इसी दौरान पति ने एक स्टांप पर इकरारनामा तहरीर कर दिया, जिसमें उसने उल्लेख किया कि वह अब कभी रुपये की मांग नहीं करेगा और अच्छी तरह पत्नी व बच्च्ची को रखेगा। अपनी गलती मानकर वह नौ जनवरी 2017 को ससुराल ले गया।
कुछ दिनों के बाद ससुराल में पुन: प्रताड़ित किया जाने लगा। छह माह बाद ही वह मायके आ गई। आरोप है कि 15 अप्रैल 2019 को पति ने ग्वालियर निवासी तारिक व जाहिद के सामने तीन तलाक बोलकर किनारा कर लिया। शिकायत पर पुलिस ने पति आरिफ समेत गवाह तारिक व जाहिद के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है।
मामला संज्ञान में आने के बाद सीपरी बाजार पुलिस ने एफआईऱ्आर दर्ज की है। मामले की पड़ताल की जा रही है, इसके बाद पुलिस आगे की कार्रवाई करेगी- डॉ. ओपी सिंह, एसएसपी