थाना बड़ागांव के बराठा गांव निवासी संजना कुशवाहा (18) पुत्री कालका प्रसाद कुशवाहा बुंदेलखंड विश्वविद्यालय में खेल कोटे से बीपीईएस कर रही थी। उसने एनसीसी भी लिया था। घर की आर्थिक हालत ठीक नहीं थी। उसने छात्रवृत्ति के लिए आवेदन किया था। जिससे वह अपनी पढ़ाई आगे जारी रख सके लेकिन छात्रवृत्ति नहीं मिल रही थी। इससे वह बहुत ज्यादा परेशान रहती थी।
गुरुवार रात पूरे परिवार ने खाना खाया। संजना अपनी मां और छोटी बहन के साथ कमरे में सोई थी। रात को संजना न जाने कब उठकर घर के पास बने बगीचे में चली गई। वहां रस्सी से जामुन के पेड़ पर फंदा बनाकर झूल गई। जब सुबह करीब छह बजे जगे तो बेटी चारपाई पर नहीं थी। तलाश किया तो वह पेड़ पर लटकी हुई थी। इसके बाद ग्रामीण एकत्र हो गए और पुलिस को सूचना दी गई।