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जुआ खेल रहे लोगों में विवाद, निवाड़ी के युवक की गोली मारकर हत्या

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झांसी/ बंगरा। सकरार के खिसनी खुर्द गांव में जुआ खेलने के दौरान हुए विवाद में एक युवक की गोली मारकर हत्या कर दी गई। वारदात के बाद हत्यारे फरार हो गए। घटना की सूचना मिलते ही वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शिवहरी मीना समेत अन्य पुलिस अफसर मौके पर पहुंच गए। फोरेंसिक टीम को भी बुला लिया गया। एसएसपी ने गोली मार कर हत्या होने की बात से इंकार किया है। उनका कहना है किसी वजनी चीज से मारकर हत्या की गई है। आरोपियों की तलाश में पुलिस उनके ठिकानों पर दबिश दे रही है।
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निवाड़ी जिले में कलक्ट्रेट के पीछे रहने वाले राजू रायकवार (40) पुत्र बिठ्ठन प्राइवेट काम करता था। निवाड़ी से वह अक्सर खिसनी खुर्द गांव में आकर अपने दोस्तों के साथ जुआ खेलने आता था। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है सोमवार दोपहर करीब तीन बजे जुआ खेलने के दौरान राजू का निवाड़ी के ही कुछ युवकों से विवाद हो गया। दोनों के बीच मारपीट शुरू हो गई। इसी दौरान एक युवक ने तमंचे को निकालकर राजू पर फायर झोंक दिया। गोली राजू के सिर पर लगी। गोली लगते ही राजू खून से लथपथ होकर जमीन पर गिर पड़ा। हत्यारे मौके से फरार हो गए। हत्या के बाद पूरे गांव में सनसनी फैल गई। एसएसपी शिवहरी मीना, एसपी सिटी विवेक त्रिपाठी, सीओ समेत अन्य थानों से पुलिस बल भी मौके पर पहुंच गया। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि गोली काफी करीब से मारी गई। इस वजह से उसका माथा फट गया। उधर, राजू के घर में सूचना पहुंचते ही पत्नी किरण एवं पुत्र अंकित बदहवास हाल में मौके पर पहुंच गए।
राजू के फोन से बेटे को बताया- तुम्हारे पिता की गोली मारकर हत्या हो गई
हत्या के बाद राजू का शव वहां करीब आधे घंटे तक पड़ा रहा। राजू के मोबाइल से ही किसी ने उसके बेटे अंकित को फोन करके बताया कि तुम्हारे पिता की गोली मारकर हत्या कर दी गई। उसकी लाश यहां गांव में पड़ी हुई है। यह सुनकर अंकित घबरा उठा। वह भागते हुए निवाड़ी थाना पहुंचा। यहां उसने निवाड़ी थाना प्रभारी नरेंद्र सिंह परिहार को घटना के बारे में बताया। थाना प्रभारी ने उसे सकरार थाने जाने की सलाह दी। इसके बाद परिवार के लोग खिसनी खुर्द गांव पहुंचे।
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बार्डर होने के चलते रोजाना जमती है लाखों की फड़
उप्र एवं मप्र के ठीक बार्डर का गांव होने के नाते यहां रोजाना लाखों रुपये की फड़ सजती है। ग्रामीणों का कहना है यहां पर पुलिस के आने का भी खतरा नहीं होता है। उप्र पुलिस के आने पर जुआड़ी मप्र भाग जाते हैं। मप्र पुलिस की दबिश पड़ने पर सारे जुआड़ी उप्र की ओर भाग जाते हैं। पुलिस भी सीमावर्ती इलाका होने की वजह से कभी सख्ती नहीं करती। चुनाव आचार संहिता के दौरान पुलिस ने जुआरियों के खिलाफ बड़ा अभियान चलाया लेकिन, यह पूरा इलाका इस दौरान अछूता रहा।
शव के परीक्षण से मालूम चल रहा है कि हत्या गोली मारकर नहीं बल्कि वजनी चीज के प्रहार से हुई है। आरोपी के बारे में मालूम चल गया है। उसकी गिरफ्तारी के लिए टीम बनाई गई है। जल्द ही आरोपियों की गिरफ्तारी कराई जाएगी।
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शिवहरी मीना
एसएसपी
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