चुनावी ड्यूटी में जान गंवाने वाले 36 कर्मचारियों के आश्रितों को मिलेगी नौकरी
झांसी। त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के दौरान चुनावी ड्यूटी करते हुए मृत कर्मचारियों के आश्रितों को आसानी से नौकरी मिल सकेगी। सरकार की ओर से प्रक्रिया सरल कर देने के निर्देश से इन आश्रितों को चंद माह के भीतर मृतक आश्रित कोटे के जरिए नौकरी मिलने का रास्ता साफ हो सकेगा। जनपद से 36 कर्मचारी-अधिकारियों की सूची भेजी गई, जिनकी चुनावी ड्यूटी में मृत्यु की पुष्टि हुई।
चुनावी ड्यूटी के दौरान मृत कर्मचारियों का ब्यौरा शासन ने पिछले माह मांगा था। जिला निर्वाचन कार्यालय (पंचायत एवं नगरीय निकाय) की ओर से भेजी गई अंतिम सूची में 36 कर्मचारियों के नाम शामिल किए गए हैं। इनमें दो संविदा जबकि दो शिक्षामित्र भी शामिल हैं। सामान्य तौर पर नियमित राज्य कर्मचारियों की सेवा शर्त में सेवाकाल के दौरान मृत्यु होने पर आश्रितों को नौकरी देने का प्रावधान है लेकिन, सरकार ने कोरोना को देखते हुए औपचारिकताओं को सरल करने की बात कही है। नए निर्देशों में आश्रितों को नौकरी देने के लिए प्रक्रिया जल्द पूरी करने के निर्देश दिए हैं। हालांकि अभी यह साफ नहीं है कि आयोग की सूची में शामिल सभी कर्मचारियों के आश्रितों को ही नौकरी दी जाएगी। सूची में छह कर्मचारी ऐसे भी हैं, जो रिजर्व स्टॉफ में रहे। इसी तरह संविदाकर्मियों को नौकरी दिए जाने की बात भी अभी साफ नहीं हुई है।
आयोग की गाइड लाइन के मुताबिक ही मिलेगा मुआवजा
चुनावी ड्यूटी के दौरान मृत कर्मचारियों को निर्वाचन आयोग की गाडड लाइन के आधार पर ही मुआवजा मिल सकेगा। आयोग की गाइडलाइन में प्रशिक्षण, मतदान एवं मतगणना के लिए अलग-अलग समयावधि निर्धारित की गई है। इस समयावधि के भीतर जिस कर्मचारी की मृत्यु होगी, उसके परिजनों को ही आयोग की ओर से तय 30 लाख रुपये का मुआवजा दिया जाएगा। कोविड-19 से संक्रमित होने पर हुई मुत्यु पर भी यह मुआवजा मिलेगा। इसके लिए आरटीपीसीआर रिपोर्ट एवं एंटीजेन टेस्ट रिपोर्ट के साथ अन्य दूसरी रिपोर्ट देनी होगी। वहीं, दुर्घटना में हुई मृत्यु के लिए पोस्टमार्टम रिपोर्ट को आधार माना जाएगा। दुर्घटना होने पर सात लाख रुपये का मुआवजा दिया जाएगा।
इन 36 कर्मचारियों के भेजे गए नाम
विमला साहू प्रशासनिक अधिकारी, संजय कुमार गुप्ता अवर अभियंता, राकेश वर्मा तकनीकी सहायक, डॉ. दीपक शुक्ला उपनिदेशक दिव्यांग सशक्तिकरण, आनंद पटेल सहायक अध्यापक, प्रतापभानु राजपूत सहायक अध्यापक, सरीना बेगम प्रधान अध्यापक, सचिन नामदेव सहायक अध्यापक, सुनीता अहिरवार प्रधान अध्यापक, महेंद्र तिवारी सहायक अध्यापक, सौरभ तलवा, ऋतु पांचाल सहायक अध्यापक, इंद्रमोहन प्रधान अध्यापक, ऊषा धमसैया प्रधान अध्यापक, डारकस सैमुअल प्रधान अध्यापक, वीरेंद्र सिंह तोमर सहायक अध्यापक, सुशीला सिंह सहायक अध्यापक, प्रदीप कुमार शिक्षामित्र, नारायण निरंजन प्रधान अध्यापक, घनश्याम शिक्षामित्र, केशव प्रसाद रिछारिया सहायक अध्यापक, नीरज कुशवाहा सहायक अध्यापक, राजेश कुमार गौतमी प्रधानाचार्य, ओमप्रकाश यादव असिटेंट कमिश्नर, आसिफ मंसूरी संग्रह पर्यवेक्षक, धर्मेंद्र सिंह वरिष्ठ सहायक, सुधीर श्रीवास्तव प्रधान अध्यापक, खुमान चतुर्थ श्रेणी, भूपेंद्र कुमार बरौलिया पशुधन प्रसार अधिकारी, रामस्वरूप मेट, नागेंद्र शर्मा बीएमएम के नाम शामिल हैं।