मऊरानीपुर। स्वतंत्रता संग्राम सेनानी का पुत्र आठ साल से अपने पिता की मूर्ति के अनावरण के लिए भटक रहा है। लेकिन अनावरण नहीं किया जा रहा है। उन्होंने उच्चाधिकारियों से शिकायत कर अनावरण कराने की मांग की। निस्तारण नहीं होने पर 26 जनवरी को तहसील प्रागंण में धरना प्रदर्शन एवं आमरण अनशन की चेतावनी दी।
रघुनंदन निवासी ग्राम चितावद ने जिलाधिकारी को दिए पत्र में बताया कि मेरे पिता रामसिंह स्वतंत्रता संग्राम सेनानी थे। उनकी मूर्ति लगाकर अनावरण के लिए 12 अक्टूबर 2017 को जिलाधिकारी झांसी ने मंत्री स्वतंत्रता सेनानी कल्याण संस्थान लखनऊ को समस्त औपचारिकताएं पूर्ण कर पत्र भेजा था। लेकिन आठ साल बीतने के बाद भी मूर्ति का अनावरण नहीं हो सका। जिससे क्षुब्ध होकर रघुनंदन एवं उनकी पत्नी सुमित्रा देवी ने 26 जनवरी को तहसील मऊरानीपुर में धरना प्रदर्शन एवं आमरण अनशन की चेतावनी दी।
रघुनंदन ने बताया कि हमारे पिता रामसिंह स्वतंत्रता संग्राम सेनानी थे। उनके जेल जाने सहित एवं स्वतंत्रता के बाद इंदिरा गांधी द्वारा दिए गए ताम पत्र को भी दिखाया। रघुनंदन ने अपने पिता की मूर्ति बनवाकर रखी थी। टूटने के डर से उन्होंने अपने खेत के सड़क किनारे मूर्ति को लगवा दिया है लेकिन अबतक अनावरण नहीं हुआ है।