जौनपुर। अमृत पेयजल योजना टू अभी तक जिले में परवान नहीं चढ़ पाई है। इस योजना के तहत न तो अभी तक पेयजल पाइप लाइन डाली जा रही है और न ही पेयजल कनेक्शन करने का कार्य ही शुरू हुआ है, जबकि योजना शुरू हुए तीन माह का समय बीत गया है। इसके कारण शहर के 75 हजार शहरवासियों के सामने अभी भी पेयजल की समस्या बनी हुई है। योजना के तहत, शहर के 11 हजार 687 मकानों में पेयजल पाइप कनेक्शन करने का कार्य किया जाना है।
सवा तीन लाख आबादी वाले शहर में अभी भी पेयजल का संकट बना हुआ है। कारण शहर क्षेत्र में कुल 39 हजार मकान हैं, जिसमें 27 हजार 313 मकानों में ही पेयजल कनेक्शन हैं। इन मकानों को पयेजल आपूर्ति करने के लिए इस समय 150 किमी पेयजल पाइप बिछाई गई है। वहीं इन मकानों में पेयजल पहुंचाने के लिए 24 बड़े और 80 छोटे नलकूप लगाए गए हैं। सात ओवर हेड टैंक मौजूद हैं, जिनसे तकरीबन ढ़ाई लाख की आबादी को पेयजल उपलब्ध हो पा रहा है, लेकिन शेष 11 हजार 687 मकानों में पेयजल कनेक्शन नहीं है, जिससे इन मकानों में रहने वालों 75 हजार लोगों के सामने पेयजल का संकट है। इनको पेयजल के लिए इधर-उधर भटकना पड़ रहा है। इन लोगों को पेयजल उपलब्ध कराने का कार्य अमृत पेयजल योजना टू के तहत किया जाना है। इस योजना की शुरुआत अक्तूबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से की गई थी। इस योजना के तहत पेयजल कनेंक्शन करने की जिम्मेदारी जल निगम शहरी को सौंपी गई है, लेकिन वह योजना को परवान चढ़ाने का कार्य शुरू नहीं किया है। इससे अभी भी इन शहरवासियों के सामने पेयजल किल्लत बनी हुई है।
शहर में शामिल आठ नए वार्ड में भी पहुंचानी है पेयजल पाइपलाइन
जौनपुर। अमृत पेयजल योजना टू के तहत शहर में शामिल आठ नए वार्डों को भी पेयजल से आच्छादित करने का कार्य किया जाना है। इस दौरान चांदपुर, गंगापट्टी, हरदीपुर, डेरायुसूफ, कलीचाबाद, मीरपुर, देवचंदपुर और सैदनपुर है। इसमें पेयजल कनेक्शन देने का कार्य किया जाना है।
वर्जन
अभी तक 27 हजार 313 मकानों में रहने वाले ढाई हजार आबादी को पेयजल का लाभ दिया जा रहा है। शेष 11 हजार 687 मकानों में पेयजल पाइप कनेक्शन नहीं है, जिससे 75 हजार शहरवासी पेयजल समस्या से जूझ रहे हैं, जिसमें अमृत पेयजल योजना टू के तहत पेयजल कनेक्शन किया जाना है। यह कार्य जल निगम शहरी को करना है। - उमेश प्रसाद, एक्सईएन, जलकर
बीते दो अक्तूबर को पीएम की ओर से अमृत पेयजल योजना टू का शुभारंभ किया गया है, जिसके तहत शहर क्षेत्र में घर-घर पेयजल पहुंचाने का कार्य किया जाना है। नगर पालिका की ओर से सारा ब्योरा जुटाया जा रहा है। इसके बाद योजना को परवान चढ़ाने का कार्य किया जाएगा। - अंकुर श्रीवास्तव, एक्सईएन, जलनिगम (शहरी)