खुटहन थाना क्षेत्र के पिलकिछा बाजार के दुकानदारों ने शनिवार की शाम जिस युवक को रंगदारी मांगने के आरोप में पकड़कर पुलिस को सौंपा, उसे 25 हजार का इनामी बताते हुए पुलिस ने मुठभेड़ में गिरफ्तार करने का दावा किया है। पुलिस के मुताबिक शनिवार की रात पिलकिछा गांव के पास मुठभेड़ के दौरान पुलिस की ओर से चलाई गई गोली युवक के पैर में लगी। उसे जिला अस्पताल से वाराणसी ट्रामा सेंटर रेफर कर दिया गया। उधर, पुलिस की गोली से घायल युवक की पत्नी और पुत्र पूरे घटनाक्रम की उच्च स्तरीय जांच कराने की मांग कर रहे हैं।
एएसपी सिटी डॉ संजय कुमार का दावा है कि खुटहन थानाध्यक्ष विजेंद्र सिंह शनिवार की रात क्षेत्र में भ्रमण पर थे। गोमती नदी के पिलकिछा पुलिया के पास पहुंचे थे तभी मुखबिर से सूचना मिली कि 25 हजार का इनामी बदलापुर थाना क्षेत्र के भटेहरा गांव निवासी ओमप्रकाश पांडेय बाइक से पिलकिछा की तरफ आ रहा है। पुल के पास पुलिस ने घेराबंदी की। उसी बीच तेज रफ्तार बाइक सवार ने करीब पहुंचने पर पुलिस टीम पर फायर कर दिया। बचाव में पुलिस ने गोली चलाई, जो उसके पैर में लग गई। उसे सीएचसी से वाराणसी रेफर कर दिया गया। उसके खिलाफ बदलापुर और खुटहन थाने में कई आपराधिक मामले दर्ज हैं। उधर, पुलिस की गोली से घायल ओमप्रकाश पांडेय की पत्नी रीना पांडेय और पुत्र अमन पांडेय ने पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच कराने की मांग की है। उनका कहना है कि पिलकिछा बाजार में दुकानों से नकली ब्रांड का खाद्य तेल बेचे जाने की शिकायत ओम प्रकाश ने आईजीआरएस पर की थी। जिसे संज्ञान में लेते हुए पांच अगस्त को खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने पिलकिछा बाजार में छापे की कार्रवाई कर दुकानों से खाद्य तेल के सैंपल लिए थे। वह शनिवार को भी जब बाजार में पहुंचे तो खुन्नस खाए दुकानदारों ने उन्हें पकड़कर रंगदारी मांगने का आरोप लगाते हुए पुलिस को सौंप दिया था। पुलिस को सौंपे जाने का वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। आरोप लगाया कि पुलिस ने रात के अंधेरे में कहीं ले जाकर ओमप्रकाश के पैर में गोली मारकर मुठभेड़ की कहानी गढ़ दी। नोएडा से बीटेक की पढ़ाई कर रहे ओमप्रकाश के पुत्र अमन पांडेय का कहना है कि अभी वह वाराणसी में पिता का इलाज करा रहे हैं। अस्पताल से छुट्टी मिलते ही वह पूरे मामले की शिकायत मुख्यमंत्री और मानवाधिकार आयोग से करके उच्च स्तरीय जांच की मांग करेंगे। इस संबंध में सीओ शाहगंज अंकित कुमार का कहना है कि मुठभेड़ सही हुई है। पुलिस कोई भी काम करती है तो उस पर लोग सवाल उठाते रहते हैं।