अरसियां गांव में पिटाई के दौरान मृत राजेंद्र राजभर के शव को पुलिस ने पोस्टमार्टम कराने के बाद बुधवार को उसके परिजनों को सौंप दिया। पर परिजनों द्वारा शव के अंतिम संस्कार से मना कर दिया। जिसके बाद पुलिस-प्रशासन के हाथ-पांव फूल गए। दोपहर एसडीएम शाहगंज द्वारा शासन से सहायता दिलाने का आश्वासन मिला, जिसके बाद शव का अंतिम संस्कार हुआ।
सोमवार की रात राजेंद्र राजभर की गांव के ही जगदीश उर्फ जग्गा विश्वकर्मा व सभाजीत यादव ने लाठी-डंडे से पिटाई कर दी थी। मंगलवार की सुबह शाहगंज स्थित एक निजी अस्पताल में उसकी इलाज के दौरान मौत हो गई थी। पुलिस ने मृत राजेंद्र की पत्नी की तहरीर पर दोनों आरोपियों के खिलाफ गैरइरादतन हत्या का मुकदमा दर्ज किया था। मंगलवार शाम पोस्टमार्टम के बाद शव जब घर पहुंचा तो परिवार के लोग मुआवजे की मांग पर अड़ गए। साथ ही शव का अंतिम संस्कार करने से मना कर दिया। पुलिस से मामले की सूचना पाकर एसडीएम राजेश कुमार वर्मा मौके पर पहुंचे और मृतक के परिजनों ने बातचीत किए। साथ ही किसान बीमा व राष्ट्रीय पारिवारिक लाभ योजना के तहत कुल मिलाकर चार लाख बीस हजार रुपये दिलाने का आश्वासन दिया। इसके बाद परिजन माने और अंतिम संस्कार किया।