उरई। प्रदेश के उद्यान राज्य मंत्री दिनेश प्रताप सिंह और मुख्य सचिव मनोज कुमार सिंह ने कहा कि रगौली मॉडल पूरे प्रदेश में नजीर बनेगा। यह मॉडल उन क्षेत्रों के लिए विशेष रूप से उपयोगी सिद्ध हो सकता है, जहां बारिश कम होती है या जलस्तर गिरता जा रहा है। दोनों शनिवार को जिले के डकोर ब्लॉक के रगौली गांव पहुंचे थे।
उद्यान राज्य मंत्री और मुख्य सचिव ने रगौली में स्थापित सेंट्रल पीवेट इरीगेशन सिस्टम के पायलेट प्रोजेक्ट का निरीक्षण किया। उन्होंने कहा कि इस प्रणाली का उद्देश्य कम जल संसाधनों में अधिक क्षेत्रफल की सिंचाई करना है। इस तकनीक को प्रदेश के लिए आदर्श मॉडल बताते हुए उन्होंने कहा कि इसकी सफलता से प्रेरित होकर इसे अन्य जनपदों में भी लागू किया जा सकता है।
इससे पहले उद्यान राज्य मंत्री और मुख्य सचिव लखनऊ से हेलीकॉप्टर से उरई पहुंचे। तुरंत ही दोनों रगौली गांव चले गए। यहां पर उन्होंने 80 लाख 89 हजार रुपये से स्थापित सेंट्रल पीवेट ड्रिप इरीगेशन सिस्टम का निरीक्षण किया। उन्होंने कहा कि रगौली में स्थापित प्रणाली देश की पहली पीवेट ड्रिप इरीगेशन यूनिट है, जो किसानों के खेतों में उनके सहयोग से संचालित की जा रही है। यह सिस्टम एक बार में करीब 75 एकड़ भूमि की सिंचाई करने में सक्षम है। इसमें जलस्रोत के रूप में सात लाख क्यूबिक मीटर क्षमता वाला तालाब तैयार किया गया है। उन्होंने कहा कि इस प्रणाली से लगभग 26 किसान सीधे लाभान्वित हो रहे हैं।
मुख्य सचिव ने प्रणाली को रगौली मॉडल का नाम देते हुए कहा कि यह परियोजना न केवल तकनीकी रूप से उन्नत है, बल्कि जल संरक्षण और कृषि उत्पादन बढ़ाने की दिशा में स्थायी समाधान है। राज्यमंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री किसानों की आय दोगुनी करने के लिए तकनीकी नवाचारों को बढ़ावा दे रही है।
इस दौरान जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ घनश्याम अनुरागी, विधान परिषद सदस्य रमा निरंजन, सदर विधायक गौरीशंकर वर्मा, माधौगढ़ विधायक मूलचंद निरंजन, कालपी विधायक विनोद चतुर्वेदी, गोसेवा अध्यक्ष श्याम विहारी गुप्ता ने विचार रखे।
इस दौरान मंडलायुक्त विमल कुमार दुबे, डीआईजी केशव कुमार चौधरी, डीएम राजेश कुमार पांडेय, एसपी डॉ. दुर्गेश कुमार, एडीएम संजय कुमार, सीडीओ राजेंद्र कुमार श्रीवास, सहायक नोडल माइक्रो इरिगेशन कौशल नीरज, विश्व बैंक के प्रतिनिधि योगेश बंधु आर्या, जिला उद्यान अधिकारी प्रशांत निरंजन, परमार्थ संस्था से संजय कुमार, वरुण प्रताप सिंह आदि मौजूद रहे।