रामपुरा थाने में थाना प्रभारी को अपनी बचत के रुपये देती कुठौंद कस्बे की बच्ची वैष्णवी
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कुठौंद (जालौन)। कोरोना पीड़ितों की मदद के लिए नेता और समाजसेवी ही नहीं बल्कि अब बच्चों में भी जज्बा नजर आने लगा है। कस्बे के एक छह साल की बच्ची गुरुवार को अपने पिता के साथ थाने पहुंची और अपनी गुल्लक तोड़कर निकाले 1130 रुपये पुलिस के हाथ में थमा दिए। फिर बच्ची ने मासूमियत से कहा कि अंकल यह पैसे रख लो और कोरोना को खत्म करा दो। बच्ची के पिता ने बताया कि बेटी प्रधानमंत्री मोदी की प्रशंसक है और उन्हीं की प्रेरणा से उसने अपनी बचत के रुपये देने की जिद की थी। थाना प्रभारी सुधाकर मिश्रा का कहना है कि बच्ची से मिले रुपयों को डीएम राहत कोष में जमा कराया जाएगा।
गुरुवार सुबह 11 बजे कुठौंद कस्बा निवासी मुकेश पाल अपनी छह साल की बच्ची वैष्णवी को लेकर थाने पहुंचे। वैष्णवी के एक हाथ में उसकी बचत वाली गुल्लक थी और दूसरे हाथ से वह पिता की अंगुली पकड़े थी। मुकेश ने जब पुलिस को वैष्णवी की रुपये देने की इच्छा बताई तो सुनकर थाना प्रभारी समेत पूरी फोर्स उसके जज्बे से खासा प्रभावित हुआ। फिर सभी के सामने वैष्णवी ने थाने में ही अपनी गुल्लक तोड़ी और गिनती के बाद उसमेें निकले 1130 रुपये थाना प्रभारी को सौंप दिए। तब तक सूचना पाकर इलाके के कई समाजसेवी भी थाने पहुंच गए। बच्ची ने थाना प्रभारी से कहा कि अंकल इन पैसों से इस खतरनाक बीमारी को खत्म करा देना। इसके बाद वहां मौजूद लोगों ने भी अपनी जेब से रुपये निकालकर वैष्णवी की बचत में मिला दिए। थाना प्रभारी ने भी मामले की जानकारी एसडीएम को देकर बच्ची की रकम को डीएम राहत कोष में जमा करा दिया। पूरे दिन इलाके में वैष्णवी की कोरोना पीड़ितों के प्रति भावना को लेकर उसकी सराहना होती रही। वैष्णवी ने इसी साल स्कूल जाना शुरू किया है, वह क्षेत्र के एमडी पब्लिक स्कूल की एलकेजी की छात्रा है।