फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

घंटाघर ने दो घंटे ली राहत की सांस, जाम से मिली निजात

विज्ञापन
विज्ञापन
उरई। शहर के भीतर जाम की समस्या से निजात दिलाने के लिए पुलिस प्रशासन की ओर से किया गया दो घंटे का रूट डायवर्जन का असर बुधवार को घंटाघर चौराहे पर देखने को मिला। बाजार में दो पहिया वाहनों का ही प्रवेश ट्रैफिक पुलिसकर्मियों की ओर से दिया गया। यह प्रयोग दूसरे दिन भी सफल रहा और शहरवासियों को जाम की समस्या से निजात मिलीं। शाम पांच से सात बजे तक महिलाओं, बच्चों व बुजुर्गों को जाम की समस्या से नहीं जूझना पड़ा।
विज्ञापन

एसपी रवि कुमार ने शहरवासियों को जाम से होने वाली दिक्कतों को देखते हुए मंगलवार से शाम पांच से सात बजे तक का रूट डायवर्जन व नो इंट्री शुरू करवाई थी। मंगलवार को साप्ताहिक बंदी के चलते इसका असर बुधवार की शाम को भी देखने को मिला। शहर के शहीद भगत सिंह चौराहे, संकटा माता मंदिर राठ रोड व इलाहाबाद बैंक पीली कोठी के पास से इस दौरान ई रिक्शा, चार पहिया वाहनों पर पुलिसकर्मियों ने रोक लगाई थी। जिसके चलते शहीद भगत सिंह चौराहा से घंटाघर, माहिल तालाब व पीली कोठी तक कहीं भी जाम की स्थिति नहीं रही। दो पहिया व पैदल आने जाने वाले लोग आसानी से बाजार में घूमकर खरीददारी करते रहे। वहीं पुलिसकर्मियों ने किसी भी हालत में बड़े वाहनों को अंदर प्रवेश नहीं करने दिया। जिसके चलते दुकानदारों व बाजार में आने जाने वाले लोगों ने राहत की सांस ली।
----------
गलियों से होकर प्रतिबंधित मार्गों पर निकले ई- रिक्शा वाहन
शहर के मुख्य मार्गों पर रूट डायवर्जन व नो इंट्री के चलते ई रिक्शा चालकों ने छोटी-छोटी गलियों से ई-रिक्शा चलाकर लोगों को गंतव्य तक पहुंचाया। पहला दिन होने के चलते लोगों को बदले गए नियमों की जानकारी नहीं थी। जिससे ई-रिक्शा, आटो और चार पहिया वाहन चालक परेशान रहे। जबकि कई रिक्शा चालक शहर की बजरिया व अन्य छोटी गलियों से सड़क पर प्रवेश कर आते जाते रहे। जिसके चलते छोटी छोटी गलियों में जाम की स्थिति रही। शहर के लोगों का कहना है कि ऐसे ई- रिक्शा चालकों पर कार्रवाई होनी चाहिए।
विज्ञापन

-----------
पार्किंग भी बनती है जाम का कारण
भले ही पुलिस प्रशासन ने जाम से राहत दिलाने के लिए शहर में दो घंटे की नो इंट्री शुरू की है। पर पहले से ही सड़कों पर खड़े चार पहिया वाहन जाम लगाने में सहायक हो रहे है। भीड़भाड़ वाली सड़कों व चौराहों पर दुकानों के सामने काफी चार पहिया वाहन खड़े नजर आए। दुकानदारों का कहना है कि मुख्य मार्ग से अंदर जाने वाली बस्तियों में रहने वाले लोगों की गाड़ियां मुख्य मार्ग पर ही पार्क होती है। जिसके चलते अक्सर जाम की समस्या बनती है। इन वाहनों को भी हटवाया जाए। जिससे खाली सड़क पर आवागमन सुचारु रुप से चल सके।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें