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ग्राम पंचायत अधिकारी संघ ने किया धरना-प्रदर्शन

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विकास भवन में धरना देते ग्राम पंचायत अधिकारी। संवाद - फोटो : HATHRAS
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संवाद न्यूज एजेंसी, मुरसान।
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एक ग्राम पंचायत अधिकारी के निलंबन के विरोध में ग्राम पंचायत अधिकारी संघ का आंदोलन जारी है। सोमवार को भी संघ ने विकास भवन प्रांगण में धरना दिया। उल्लेखनीय है कि ब्लॉक हाथरस में तैनात ग्राम पंचायत अधिकारी विश्वमित्र को निलंबित कर दिया गया था। इसके विरोध में ग्राम पंचायत अधिकारी व ग्राम विकास अधिकारी आंदोलन कर रहे हैं।
सोमवार को ग्राम पंचायत अधिकारी व ग्राम विकास अधिकारियों ने संयुक्त रूप से धरना-प्रदर्शन किया। सबसे पहले शहीद दिवस के मौके पर शहीदों के चित्रों पर माल्यार्पण किया गया और फिर विचार व्यक्त किए। उत्तर प्रदेश ग्राम पंचायत अधिकारी संघ की प्रांतीय कार्यकारिणी ने यह संज्ञान लिया है यदि हमारी मांग नहीं मानी जाती है तो प्रांतीय कार्यकारिणी के पदाधिकारी अध्यक्ष रजनीकांत, महामंत्री संजीव शर्मा, शांति शरण सिंह हाथरस में धरना-प्रदर्शन में शामिल होंगे।
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खंड विकास अधिकारी विकासखंड हाथरस द्वारा बिना स्थलीय सत्यापन के जांच आख्या भेज कर निलंबन की कार्रवाई करा दी गई है। इस मौके पर दिनेश कुमार, विश्वमित्र, किशनपाल सिंह, संत कुमार, मनीष रावत, संजीव रावत, यतेंद्र सिंह, पूरन चौधरी, शैलेंद्र चौधरी, देवेंद्र गौतम, मुकेश पचौरी, विशाल रावत, केके गौतम, शिवम यादव, रीता सिंह, सत्यवीर सिंह, कुलदीप, संजीव सारस्वत, गजेंद्र, शिव कुमार, ऋषि कुमार, लवकेश, मनीष, अमरीश अग्रवाल, दीपक रघुवंशी, मनोज शर्मा, प्रशांत कुमार, रविंद्र कुमार, अजय कुमार सिंह आदि लोग थे।
मुझ पर लगाए जा रहे आरोप गलत : बीडीओ
इस सिलसिले में खंड विकास अधिकारी हाथरस रीता सिंह का कहना है कि मेरे खिलाफ जो धरना दिया जा रहा है और जो आरोप लगाए जा रहे हैं, वह पूरी तरह गलत हैं। मैं अपने कार्यों को ईमानदारी से कर रही हूं। अभी मुझे कार्यभार ग्रहण किए तीन माह ही हुए हैं।
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कुछ सचिव यह चाहते थे कि में उनके अनुसार नियमों के विरुद्ध काम करूं। जब मैने ऐसा नहीं किया तो मेरे खिलाफ साजिश रची गई। इसी वजह से यह धरना दिया गया है। कहीं न कहीं से साजिशकर्ताओं को राजनीतिक व प्रशासनिक संरक्षण भी मिल रहा है। ग्राम पंचायत अधिकारी विश्वमित्र की शिकायतों के सिलसिले में मुझसे डीएम ने आख्या मांगी थी। वह मैंने भेज दी थी।
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