आगरा विजिलेंस द्वारा मामले की जांच की गई। जांच में मामला सही पाया गया। 12 जुलाई को वरिष्ठ सहायक मधु भाटिया ने तय की गई रिश्वत की धनराशि 45 हजार रुपये के साथ ननकेश विमल को सीएमओ कार्यालय के निकट बुलाया। यहां विजिलेंस टीम ने 45 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ़तार किया।पुलिस टीम ने बताया कि इसमें 40 हजार रुपये सीएमओ व पांच रुपये स्वयं के लिए वरिष्ठ सहायक द्वारा मांगे गए थे। सीएमओ मंजीत सिंह व वरिष्ठ सहायके खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।
वरिष्ठ सहायक व सीएमओ के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। सीएमओ द्वारा ही उक्त कर्मी का भुगतान होना था, लेकिन यह कई महीनों से चक्कर लगा रहा था। शिकायत के बाद जांच की गई तो मामला सही पाया गया। आज यह लिपिक पैसे लेकर शायद सीएमओ के घर ही जा रही थी, लेकिन रास्ते ही पकड़ी गई। जल्द ही सीएमओ मंजीत सिंह को पूछताछ के लिए बुलाया जाएगा। अगर जरुरत पड़ती है तो गिरफ्तारी भी की जाएगी। -शगुन गौतम, एसपी विजिलेंस।