हाथरस जिला अस्पताल में हैंडपंप पहले से ही खराब है। शुक्रवार को वहां पानी की सप्लाई की पाइपलाइन भी टूट गई। भीषण गर्मी में मरीजों के हलक प्यास से सूख गए। उन्हें पूरे अस्पताल में खोजने पर ही कहीं भी दो बूंद पीने का पानी नहीं मिला। ऐसे में बाजार से से बोतल बंद पानी खरीदकर उन्हें प्यास बुझानी पड़ी।
बागला जिला अस्पताल जिले का सबसे बड़ा सरकारी अस्पताल है। इसके बावजूद अस्पताल में सुविधाओं तक का टोटा है। जिला अस्पताल में इन दिनों मरीजों को पीने के लिए पानी तक की व्यवस्था नहीं है। इससे मरीजों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। पेयजल के लिए ओपीडी में एक वाटर कूलर लगाया गया है। इसके अतिरिक्त ओपीडी के बाहर प्याऊ भी है जो बंद पड़ा है। वहीं, अस्पताल में लगे हैंडपंप भी काफी समय से खराब हैं।
पोस्टमार्टम हाउस के पास चल रहे खोदाई के कार्य की वजह से पाइपलाइन टूट गई और जिला अस्पताल में पानी की सप्लाई बाधित हो गई। भीषण गर्मी में मरीज और उनके तीमारदार बूंद-बूंद पानी के लिए तरस गए। जिला अस्पताल में मरीजों को उपचार और दवा तो निशुल्क मिल गई लेकिन दवा लेने के लिए पानी बाहर से खरीदकर मंगाना पड़ा। तीमारदार भी पेयजल संकट से परेशान रहे।
पेट में दर्द की समस्या को लेकर जिला अस्पताल में भर्ती हूं। चिकित्सक ने उपचार के बाद दवा तो दे दी है लेकिन पानी की यहां व्यवस्था नहीं है। दवा लेने के लिए पानी बाहर से खरीदकर मंगाना पड़ेगा। - हिमांशु, मरीज
जिला अस्पताल में कहीं भी पीने के पानी की व्यवस्था नहीं है। इससे हमें काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। भीषण गर्मी पड़ रही है। ऐसे में बाहर से खरीदकर प्यास बुझानी पड़ रही है। - ओमप्रकाश, तीमारदार
भीषण गर्मी पड़ रही है। ऐसे में प्यास भी अधिक लग रही है। अस्पताल में कहीं भी पानी की व्यवस्था नहीं है। मजबूरन बाजार से पानी की बोतल व पाउच खरीदकर प्यास बुझानी पड़ रही है। - सचिन, तीमारदार
अस्पताल में पानी के लिए ओपीडी में वाटर कूूलर लगा हुआ है। ओपीडी के बाहर पानी की टोंटियां लगी हुई हैं। इन टोंटियों में पानी आता है। शुक्रवार को अस्पताल परिसर में खोदाई का काम कर रहे युवकों ने पानी की पाइप का स्विच निकाल दिया था। इससे टोंटियों में पानी आना बंद हो गया। दोपहर एक बजे पानी की सप्लाई शुरू हो गई। जिला अस्पताल का हैंडपंप को ठीक कराने के लिए नगर पालिका को पत्र लिखा जा चुका है। उन्होंने हैंडपंप ठीक कराने से मना कर दिया है। हैंडपंप की मरम्मत के लिए एक बार फिर नगर पालिका को पत्र भेजा जाएगा। - डॉ. सूर्यप्रकाश, सीएमएस बागला जिला अस्पताल हाथरस