अवैध खाद के कारोबार मामले में शनिवार को जिला कृषि अधिकारी निखिल देव तिवारी ने फर्म संचालक अनुज भार्गव के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करा दी है। उर्वरक के नियम विरुद्ध भंडारण और गलत तरीके से औद्योगिक खाद बनाने की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की गई है। पुलिस इस पूरे नेटवर्क को खंगालने में जुट गई, जिससे पता चल सके कि सब्सिडी वाली खाद की सप्लाई में कौन-कौन शामिल हैं।
इस काले कारोबार की सूचना डीएम को फोन पर प्राप्त हुई थी, जिसके बाद ओसी कलेक्ट्रेट धर्मेंद्र व जिला कृषि अधिकारी के नेतृत्व में टीम को भेजा गया था। एसडीएम सासनी नीरज शर्मा ने जब गोदाम के ताले तुड़वाए, तो सभी हैरान रह गए। गोदाम में सब्सिडी वाली खाद के कट्टे चिने हुए थे।
यहां पर फैक्टरी में तैयार हुए टेक्निकल ग्रेड यूरिया के 235, बिना मार्का के 105, एनपीकेएस गुजरात स्टेट केमिकल्स के 96, आईपीएल कंपनी के 37 कट्टे पोटाश, टेक्निकल ग्रेड यूरिया के नौ कट्टे, डीएपी एचयूआरएल कंपनी का एक कट्टा, डीएपी आईपीएल कंपनी के नौ कट्टे, खाली यूरिया एक हजार कट्टे, बिना मार्का के 500 खाली कट्टे के पाए गए। टीम ने एक नमूना आईपीएल एमओपी, एक आईपीएल डीएपी, टेक्निकल ग्रेड यूरिया व एक एनपीकेएस का लिया गया है। ये नमूने जांच के लिए भेजे गए हैं। नमूनों की जांच में यह भी स्पष्ट होगा कि खाद नकली है या नहीं।
विभाग द्वारा एफआईआर दर्ज करा दी गई है। अब आगे की कार्रवाई पुलिस को करनी है। जांच में मिलने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई विभाग स्तर से होगी।
-निखिल देव तिवारी, जिला कृषि अधिकारी