बृहस्पतिवार की शाम को शहर में भगवान गोविंद भगवान की 112वीं रथयात्रा निकाली गई। जगह-जगह पर पुष्पवर्षा कर रथयात्रा का स्वागत किया गया और भगवान की पूजा अर्चना की गई। पूरा शहर भगवान गोविंद की भक्ति में रम गया।
इस बार भी मंदिर श्री गोविन्द भगवान महोत्सव धूमधाम से मनाया गया और भव्य रथयात्रा निकाली गई। विधिवत पूजा अर्चना के साथ गोविंद भगवान मंदिर घंटाघर से रथयात्रा का शुभारंभ राजकिशोरी गुप्ता, मनीष गुप्ता ने किया। मुख्य अतिथि के रुप में नन्नूमल गुप्ता, विशिष्ट अतिथि के रुप में गिरधरगोपाल वार्ष्णेय रहे। प्रभु की महाआरती की गई।
रथयात्रा में करीब एक दर्जन भव्य झांकियां शामिल रहीं। राधाकृष्ण, मां शारदे, भगवान श्रीनाथ का भव्य फूलबंगला, शिव पार्वती की झांकी, माता काली की झांकी, अक्रूर महाराज का ढोला, आदि आकर्षण का केंद्र रहा। इसके अलावा अन्य कई झांकिया भी आर्कष का का केंद्र रही। जगह जगह आतिशबाजी भी की गई। भक्त गोविंद भगवान के दर्शन को श्रद्धालु उमड़ रहे थे। जगह जगह आरती उतार कर पुष्पवर्षा कर स्वागत किया गया। इस मौके पर शैलेंद्र वार्ष्णेय, अनिल वार्ष्णेय, शेखर वार्ष्णेय, हजारी लाल, राजीव वार्ष्णेय, राजेंद्र वार्ष्णेय आदि ने सहयोग किया।
तार हटाने पर कई घंटे गुल रही बिजली
रथयात्रा में तीन मंजिला रथ शामिल था। जो फूलों से सजाया गया था। रथ की ऊंचाई अधिक होने से रथयात्रा के मार्ग पर आने वाले तारों को हटाया दिया गया था। इस कारण शहर के बैनीगंज, नजिहाईबाजार, हलवाई खाना, सर्राफा बाजार, लोहट बाजार, रामलीला मैदान आदि इलाकों में लोगों को कई घंटे बिजली कटौती का सामना करना पड़ा। हालांकि रथयात्रा के तुरंत बाद बिजली तारों को दुरुस्त कर बिजली आपूर्ति सुचारू करने में विद्युतकर्मी जुटे रहे।