बांग्लादेश में मंदिरों और हिंदुओं पर हमलों के विरोध में 8 अगस्त को विश्व हिंदू परिषद और बजरंग के दल के कार्यकर्ता 8 अगस्त को सड़क पर उतर आए। शहर के तालाब चौराहा पर बांग्लादेश का पुतला फूंका और नारेबाजी के बीच प्रदर्शन किया। दूसरी ओर, विश्व हिंदू महासंघ के पदाधिकारियों ने तहसील सदर पहुंचकर राष्ट्रपति के नाम एसडीएम सदर को ज्ञापन सौंपा।
विश्व हिंदू परिषद-बजरंग दल के कार्यकर्ता 8 अगस्त की दोपहर को तालाब चौराहा पर एकत्रित हुए। बजरंग दल के विभाग सह संयोजक ने कहा कि बांग्लादेश की स्थापना के समय कृष्ण मंदिर इस्कॉन द्वारा स्वामी प्रभुपाद के आह्वान पर दो लाख लोगों को छह महीने तक नि:शुल्क भोजन कराया गया। आज इस मंदिर को सबसे पहले तोड़ा गया और आग लगाई गई। इससे बड़ा दुर्भाग्य मानवता का और क्या होगा।
पुतला दहन करने वालों में हर्षित गौड़, मनोज वार्ष्णेय, सचिन अग्रवाल, सोनू भारती, दाऊदयाल वर्मा, योगेश शर्मा, दुष्यंत पौरुष, अमरदीप, शिवम पाथरे, अभिषेक गुप्ता, बिट्टू पंडित, करण पंडित, विनीत पंडित, शिवम कुलश्रेष्ठ, योगेंद्र चौधरी, नवीन कुमार आदि उपस्थित रहे।
विश्व हिंदू महासंघ के पदाधिकारियों ने हरीगढ़ मंडल प्रभारी राजकुमार पाठक के निर्देशन और जिला अध्यक्ष भूपेंद्र शर्मा के नेतृत्व में तहसील सदर पहुंचकर राष्ट्रपति के नाम एसडीएम सदर को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में राष्ट्रपति से मांग की गई कि बांग्लादेश में हिंदू परिवारों की रक्षा की जाए। ज्ञापन देने वालों में विशाल वार्ष्णेय, अजय कुमार प्रधान, पूनम शर्मा, गुड़िया सिंह, राम वर्मा, हरेंद्र शर्मा, प्रशांत सिंह, कुलदीप वार्ष्णेय, सुधीर गुप्ता, राम कुमार अग्रवाल आदि उपस्थित रहे।