कुष्ठ रोग खोजो अभियान के तहत स्वास्थ्य विभाग की टीम ने सात दिन में करीब 8.5 लाख मरीजों की जांच की है। इनमें से 389 संदिग्ध मरीज सामने आए हैं। छह मरीजों में कुष्ठ रोग की पुष्टि हुई है। इन सभी का उपचार विभाग ने शुरू करा दिया है।
कुष्ठ एक संक्रामक रोग है। यह रोग बैक्टिरिया के कारण होता है। यह मुख्य रूप से चमड़ी एवं तंत्रिकाओं को प्रभावित करता है। यह रोग धीरे-धीरे बढ़ता है और कुछ वर्षों में पूरी तरह इसके लक्षण दिखाई देने लगते हैं, इसलिए शुरुआत में ही इस रोग की पहचान होने पर निदान करना सही माना जाता है। कुष्ठ रोगियों की खोज के लिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा अभियान चलाया जा रहा है।
इस संबंध में डॉ. मधुर कुमार का कहना है कि कुष्ठ रोगियों की खोज के लिए 14 दिवसीय अभियान एक मार्च से शुरू हुआ है, जो 18 मार्च तक चलेगा। बीच में होली के त्योहार के कारण चार दिन यह अभियान बंद रहेगा। सात दिन में छह कुष्ठ रोगियों की पहचान हो चुकी है। इनका उपचार भी शुरू करा दिया गया है।