न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
छोटे घरेलू और वाणिज्यिक उपभोक्ताओं और किसानों को बिजली चोरी के मामले में राहत देने का फैसला लिया गया है। ऐसे मामलों में शमन शुल्क माफ होगा। एकमुश्त समाधान योजना (ओटीएस) को गति देने के लिए शासन स्तर से यह फैसला लिया गया है। इसका फायदा जिले के करीब 10 हजार उपभोक्ताओं को होगा।
उल्लेखनीय है कि तीन साल पहले ओढ़पुरा बिजली थाने की स्थापना हुई थी। इसमें अब तक 11 हजार 989 मुकदमे दर्ज हुए। इन लोगों पर 14 करोड़ 65 लाख 55 हजार 44 रुपये का शमन शुल्क लगाया गया। इसमें काफी लोगों ने शमन शुल्क जमा कर दिया है। अब ओटीएस धीमी गति से चल रही है। इसको ध्यान में रखते हुए निगम स्तर से यह फैसला लिया गया है कि दो किलोवाट तक भार वाले उपभोक्ताओं को शमन शुल्क में शत प्रतिशत की छूट मिलेगी। वाणिज्यिक श्रेणी में एक किलोवाट तक शमन शत-प्रतिशत व एक से दो किलोवाट वाले उपभोक्ताओं को 50 प्रतिशत की छूट दी जाएगी। सभी किसानों को शमन शुल्क में शत-प्रतिशत छूट दी जाएगी। अधीक्षण अभियंता जगतराम का कहना है कि शमन शुल्क माफी का करीब 10 हजार लोगों को फायदा होगा।
741 करोड़ की राजस्व वसूली में आएगी तेजी
हाथरस। इन-दिनों बिजली विभाग में एकमुश्त समाधान योजना (ओटीएस) चल रही है। इसमें एकमुश्त जमा करने पर ब्याज को माफ किया जा रहा है। तमाम कोशिशों के बावजूद ओटीएस रफ्तार नहीं पकड़ पा रही है। इस कारण 741 करोड़ की राजस्व वसूली का काम काफी धीमे चल रहा है। इसे लेकर अफसर खासे परेशान हैं। अब शासन स्तर से शमन शुल्क माफ करने का निर्णय लिया गया है। अफसरों का कहना है कि इससे बकायेदार ओटीएस में पंजीकरण कराके बिल जमा कराएंगे तो राजस्व भी बढ़ेगा। संवाद