न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
केंद्रीय शहरी विकास मंत्री हरदीप पुरी व प्रदेश के नगर विकास राज्य मंत्री महेश गुप्ता द्वारा वर्चुअल बैठक आयोजित की गई। नगर पालिका कार्यालय में हुई इस बैठक में भूजल दोहन रोकने, प्रकाश व्यवस्था, श्रमिकों की सूची बनाने, गोशाला संचालन, अमृत योजना जैसे कई अहम निर्देश दिए गए। इस बैठक में नगर पालिकाध्यक्ष आशीष शर्मा, पालिका के ईओ डॉ. विवेकानंद सहित अन्य अधिकारी मौजूद थे।
बैठक में नगर विकास मंत्री ने निर्देश दिए कि जिन निकायों में ईईएसएल के माध्यम से पथ प्रकाश की व्यवस्था की जा रही हैं, उसी कार्य को आगे बढ़ाना है। साथ ही निकायों में ऐसी व्यवस्था सुनिश्चित की जाए कि समय पर पथप्रकाश की लाइटें ऑन व ऑफ हों। अमृत योजना के तहत जिन निकायों में ग्रीन स्पेस के अंतर्गत पार्कों को विकसित कराया जा रहा है, वह स्वीकृत कार्य लगातार चलते रहने चाहिए आवारा गोवंश के लिए जिन निकायों में अस्थायी गोशाला संचालित हैं, उन्हें उसी रूप में संचालित किया जाए। सरकार की धन की उपलब्धता होने पर स्थायी कान्हा पशु आश्रय शाला हेतु धन का आवंटन किया जाएगा।
नगर के श्रमिकों की सूची मोबाइल नंबर सहित बनाई जाए, जिससे श्रमिकों के कल्याण की योजनाओं का लाभ देने में सुगमता बनी रहे। इसके लिए किसी अधिकारी को नोडल अधिकारी भी नामित कर दें। प्रधानमंत्री कल्याण योजना से जुड़े समस्त कार्य प्राथमिकता के आधार पर कराए जाए। प्रधानमंत्री आवास योजना में कोई पात्र वंचित न रहे। निकाय स्तर पर भी इस कार्य का पर्यवेक्षण कराया जाए और किसी अधिकारी को नोडल अधिकारी नामित कर दें। स्वच्छता अभियान पूर्व की भांति लगातार चलाएं और स्वच्छता अभियान के तहत नगर के कितने युवाओं को रोजगार दिया गया है, उसके भी आंकडे संकलित किये जाएं।
महामारी से बचने हेतु ठोस एवं स्थायी उपाय किये जाएं। नगर में शेल्टर होम आदि का निर्माण कराया जाए, जगह जगह हाथ धोने की व्यवस्था की जाए। सैनिटाइजेशन भी कराते रहें तथा नागरिकों को महामारी से बचाव के लिए लगातार जागरूक किया जाए। नगर निकायों को आत्मनिर्भर व स्वावलंबी बनाए जाने के लिए निकाय की आय बढ़ाने पर जोर दिया जाए। सभी निकाय आत्मनिर्भर होनी चाहिए। नगर निकायों द्वारा भूजल दोहन को रोकना है। इसके लिए ठोस योजना बनाई जाए और भूजल दोहन में भविष्य को ध्यान में रखते हुए कम से कम 90 प्रतिशत तक रोक लगाई जाए। बैठक में नगर पालिका के अन्य अधिकारी भी मौजूद थे।