संवाद न्यूज एजेंसी, सासनी।
बच्चों में होने वाली सामान्य बीमारियों की रोकथाम के लिए चलाए जा रहे अभियान के दौरान बुधवार को गांव गोहाना में टीकाकरण कराया गया था। गांव में टीकाकरण के चार महीने के एक मासूम बच्चे की मौत होने की बात कही जा रही है।
बच्चे के पिता ने इसकी शिकायत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के साथ कोतवाली पुलिस से भी की है। पुलिस और स्वास्थ्य विभाग की टीम इस मामले की छानबीन में जुट गई हैं। हालांकि परिजनों ने बच्चे के शव का पोस्टमार्टम नहीं कराया है।
दरअसल बच्चों में होने वाली काली खांसी, हैपेटाइटिस, रोटा वायरल और पोलियो जैसी संक्रामक बीमारियों की रोकथाम के लिए स्वास्थ्य विभाग इन-दिनों गांवों में टीकाकरण अभियान चला रहा है। इस क्रम में बुधवार को क्षेत्र के गांव गोहाना निवासी नरेश के चार माह के पुत्र कान्हा को टीका लगाया गया था।
बृहस्पतिवार को बच्चे की अचानक मौत हो गई। परिजन बच्चे को लेकर स्वास्थ्य केंद्र पहुंचे। वहां उसे मृत घोषित कर दिया गया। परिजनों ने स्वास्थ्य विभाग पर गंभीर आरोप लगाए हैं। पुलिस भी मौके पर आ गई। पुलिस ने सही स्थिति मालूम करने के लिए परिजनों को शव का पोस्टमार्टम कराने की सलाह दी, लेकिन परिजनों ने तहरीर देकर पोस्टमार्टम कराने से इंकार कर दिया।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) प्रभारी डॉ. एसपी सिंह का कहना है कि विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) के निर्देशानुसार बच्चों का टीकाकरण कराया जा रहा है। टीका लगने से किसी बच्चे की मौत होने का सवाल ही नहीं उठता।
यदि परिजन संतुष्ट नहीं हैं तो शव का पोस्टमार्टम करा सकते हैं। प्रभारी निरीक्षक सतेंद्र सिंह राघव का कहना है कि पंचनामा भरने के लिए उपनिरीक्षक को भेजा गया था, लेकिन परिजनों ने लिखित तहरीर देकर पोस्टमार्टम कराने से इंकार कर दिया है।