फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

हाथरस : जिला पंचायत अध्यक्ष पद सामान्य होने के बाद जिले में सियासत गरमाई

विज्ञापन
विज्ञापन
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
विज्ञापन

जिला पंचायत अध्यक्ष का पद सामान्य होने के बाद जिले की सियासत में एक बार फिर गरमा गई है। राजनीतिक दलों के लोगों ने इस चुनाव में आलाकमान का आशीर्वाद पाने के लिए भागदौड़ तेज कर दी है। चर्चाओं और कयासों का बाजार भी गर्म हा गया है। सवाल उठ रहे हैं कि किस पार्टी से कौन जिला पंचायत अध्यक्ष का उम्मीदवार होगा। जिला स्तर पर सभी पार्टियों के पदाधिकारी लगातार मंथन कर हैं। अध्यक्षी के दावेदारों ने जिला पंचायत सदस्य का चुनाव लड़ने की तैयारी भी शुरू कर दी है।
हाथरस जिला पंचायत अध्यक्ष का पद ज्यादातर सामान्य वर्ग के लिए ही रहा है। अब फिर से यह पद सामान्य होने के बाद सियासी उथल-पुथल शुरू हो गई है। सभी राजनीतिक दलों के पदाधिकारी लगातार संपर्क कर जिला पंचायत सदस्य का चुनाव लड़ने की तैयारी में जुट गए हैं। उनकी कोशिश राजनीतिक दलों का समर्थन हासिल करने की भी है।
विज्ञापन

प्रभारी मंत्री आज करेंगे बैठक
हाथरस। भाजपा जिला कार्यालय पर रविवार को जिलाध्यक्ष गौरव आर्य, जिले के प्रभारी भूपेंद्र चौधरी, किसान मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष राज वर्मा दोपहर एक बजे वार्ता के दौरान पंचायत चुनाव को लेकर पत्रकार वार्ता करेंगे। पार्टी आलाकमान किसे अपना आशीर्वाद देगा, इसके मद्देनजर सभी की नजरें प्रभारी मंत्री की बैठक पर टिकी हैं।
सपा में शामिल होकर ली सदस्यता।
हाथरस। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव की संस्तुति पर शनिवार को राष्ट्रीय महासचिव रामजीलाल सुमन, पूर्व विधायक देवेंद्र अग्रवाल, पूर्व चेयरमैन चौ. भाजुद्दीन के सहयोग से प्रदेशाध्यक्ष नरेश उत्तम पटेल की मौजूदगी में भरतपुर के पूर्व लोकसभा प्रत्याशी मुहर सिंह ने अपने साथियों सहित सपा की सदस्यता ग्रहण की। इस मौके पर विशंभर सिंह एडवोकेट, रामू पौरुष, श्रीराम यादव, प्रमोद कुमार आदि ने खुशी जताई।
विज्ञापन

ब्लॉक प्रमुख पद के निर्धारण को लेकर सूची हुई वायरल
हाथरस। शासन स्तर से ब्लॉक प्रमुख पद के लिए आरक्षण जारी कर दिया गया है। शासन ने स्पष्ट किया है कि सात ब्लॉकों में से एक एससी महिला, एक बीसी महिला, एक महिला व चार सीटें अनारक्षित होंगी। वहीं सोशल मीडिया पर ब्लॉक वार आरक्षण निर्धारण की सूची वायरल होती रही। इसे लेकर खासी चर्चाएं रहीं।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें