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Hathras Road Accident: भाई के साथ साइकिल पर स्कूल जा रही बच्ची, ट्रैक्टर ने मारी टक्कर, छात्रा की मौत

Fri, 27 Oct 2023 10:29 AM IST
चमन शर्मा लकी शर्मा, अमर उजाला, हाथरस

सार

हाथरस के किला गेट स्थित सुरजोबाई बालिका इंटर कॉलेज की पहली कक्षा की छात्रा खुशबू सैनी अपने भाई के साथ साइकिल पर बैठकर स्कूल जा रही थी। नगला चौबे नई बस्ती में ट्रैक्टर ने साइकिल में टक्कर मार दी। टक्कर से छात्रा खुशबू की मौत हो गई।
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ट्रैक्टर के पास एकत्र भीड़, जिसने साइकिल में मारी टक्कर - फोटो : संवाद
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विस्तार
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कोतवाली हाथरस गेट क्षेत्र के ढकपुरा मार्ग पर नगला चौबे के निकट शुक्रवार की सुबह ट्रैक्टर-ट्रॉली की चपेट में आकर कक्षा एक की 10 वर्षीय छात्रा की मौके पर ही मौत हो गई। बच्ची की मौत से गुस्साए लोगों ने ढकपुरा मार्ग पर कांटेदार पेड़ और बाइक आदि अवरोधक लगाकर जाम लगा दिया। लोगों ने ट्रैक्टर-ट्रॉली में तोड़फोड़ की और आग लगाने की कोशिश की। मौके पर पहुंचे एसडीएम सदर व अन्य अधिकारियों ने जैसे-तैसे समझाकर करीब साढ़े तीन घंटे बाद जाम खुलवाया। अधिकारियों से भी लोगों की नोकझोंक हुई। हादसे के बाद ट्रैक्टर चालक मौके से फरार हो गया। इस मामले में ट्रैक्टर के अज्ञात चालक के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। 

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ढकपुरा निवासी संजय सैनी चामड़ गेट स्थित एक सुपारी फैक्टरी में मजदूरी करके परिवार का पालन-पोषण करते हैं। उनकी 10 वर्षीय बेटी खुशबू सैनी उर्फ तमन्ना किला गेट स्थित सुरजोबाई इंटर कॉलेज में कक्षा एक की छात्रा थी। भाई कृष्णा भूरापीर स्थित मैरी गोल्ड स्कूल में पढ़ता है। शुक्रवार की सुबह दोनों भाई-बहन साइकिल से स्कूल जा रहे थे। ढकपुरा मार्ग पर नगला चौबे के निकट सामने से मिट्टी से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली आ रही थी। सड़क जर्जर होने के कारण साइकिल गिर गई और छात्रा ट्रैक्टर की चपेट में आ गई। उसकी मौके पर ही मौत हो गई। 
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जानकारी होते ही मौके पर आसपास के लोगों की भीड़ एकत्रित हो गई। बच्ची की मौत से लोगों में गुस्सा भड़क उठा। गुस्साए लोगों ने हंगामा शुरू कर दिया। सड़क निर्माण, ओवरलोडिंग वाहनों के प्रवेश पर रोक की मांग को लेकर लोगों ने ढकपुरा मार्ग पर अवरोधक लगाकर जाम लगा दिया। एसडीएम सदर रविंद्र कुमार, सीओ सादाबाद गोपाल सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंच गए। अधिकारियों ने लोगों को समझाने की काफी कोशिश की, लेकिन लोग शांत होने के लिए तैयार नहीं थे। एहतियातन मौके पर पांच थानों का पुलिस बल बुला लिया गया। काफी समझाने के बाद करीब साढ़े तीन घंटे बाद लोगों ने जाम खोला।

सड़क पर ही ली पहली और आखिरी सांस

इसे खुशबू का दुर्भाग्य कहें या तंत्र की नाकामी। उसने अपनी पहली और आखिरी सांस इसी सड़क पर ली। मृतक बच्ची के पिता संजय सैनी ने कांपते हुए होठों से बताया कि खुशबू की मां को जब प्रसव पीड़ा हुई तो वह उसे प्रसव के लिए अस्पताल लेकर जा रहे थे। रास्ते में ही किला स्टेशन स्थित रेलवे फाटक के निकट सड़क पर खुशबू पैदा हुई थी। उस समय किसी ने नहीं सोचा था कि इसी जगह के आसपास सड़क पर ही वह आखिरी सांस लेगी। 

खुफिया तंत्र रहा सतर्क
बच्ची की मौत के बाद बवाल की संभावना को देखते हुए खुफिया तंत्र सक्रिय हो गया। स्थानीय अभिसूचना इकाई के कर्मी पल-पल की गतिविधियों पर नजर बनाए रहे। घटना के बाद लोगों में काफी गुस्सा था। इसे ध्यान में रखते हुए खुफिया तंत्र ने हर संदिग्ध व्यक्ति पर अपनी नजर बना रखी थी। 

जनप्रतिनिधियों के खिलाफ नारेबाजी की
घटना से लोगों में जनप्रतिनिधियों के खिलाफ काफी नाराजगी थी। लोगों ने जनप्रतिनिधियों और पुलिस-प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। मौके पर घंटों हंगामे के हालात बने रहे। लोगों में इस बात को लेकर गुस्सा था कि कई बार सड़क निर्माण के लिए कहा गया है, लेकिन किसी ने भी इस सड़क को बनवाने पर ध्यान नहीं दिया है। सड़क में गहरे-गहरे गड्ढे हैं, जिनसे दुर्घटना का डर हर वक्त बना रहता है। 
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फैक्टरी संचालकों के खिलाफ आक्रोश

स्थानीय लोगों में नमकीन फैक्टरियों के खिलाफ आक्रोश था। लोगों का कहना था कि ढकपुरा के मुख्य मार्ग पर फैक्ट्रियों से माल लाने-ले जाने के लिए भारी वाहनों का आवागमन लगा रहता है। यहां बच्चों का भी आवागमन रहता है, जिससे यहां हादसा होने की आशंका बनी रहती है। लोगों की मांग थी कि इस मार्ग पर भारी वाहनों के प्रवेश पर रोक लगाई जाए। 

राष्ट्रीय सवर्ण परिषद ने भी किया हंगामा
राष्ट्रीय सवर्ण परिषद के राष्ट्रीय अध्यक्ष पंकज धवरैया भी मौके पर पहुंच गए। वह भी अपने समर्थकों के साथ हंगामा करने लगे। वह मृतक बच्ची के परिजनों को मुआवजा देने की मांग कर रहे थे। धवरैया ने कहा कि इस क्षेत्र में औद्योगिक प्रतिष्ठान होने के कारण पूरे दिन भारी वाहनों का प्रवेश रहता है। इस कारण हर समय दुर्घटना का अंदेशा बना रहता है। लिहाजा फैक्टरी संचालकों पर भी कार्रवाई होनी चाहिए। 

बाल-बाल बचा भाई कृष्णा
हादसे में खुशबू का भाई कृष्णा बाल-बाल बच गया। कृष्णा बहन खुशबू को लेकर साइकिल से स्कूल छोड़ने जा रहा था। साइकिल गिरने के दौरान खुशबू ट्रैक्टर की चपेट में आ गई और कृष्णा नजदीक ही गिर गया। 
मलबा भरकर एक ट्रैक्टर आ रहा था। बच्ची साइकिल से जा रही थी। दुर्घटना में बच्ची की मौत हो गई। घटना को लेकर लोग आक्रोशित थे। मुआवजे की मांग कर रहे थे। नियमानुसार मुआवजा दिलाने का प्रयास किया जाएगा। सड़क बनवाने और दिन में भारी वाहनों का प्रवेश रोकने की मांग की थी। इस संबंध में आदेश कर दिया गया है। जिन उद्योगपति के भारी वाहनों के आवागमन की शिकायत की गई है, उनको नोटिस जारी किया जा रहा है।- रविंद्र कुमार, एसडीएम सदर हाथरस। 
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