गिरफ्तार अभियुक्त सुशील कुमार ने बताया कि वह मृतक अजय पाठक के साथ ट्रक पर क्लीनर के तौर पर नागपुर गया था। जहां पर अजय पाठक ने उसके साथ गलत काम किया था। इसलिए उसने अपने बेटे विष्णु उर्फ विनय के साथ मिलकर अजय पाठक से बदला लेने की योजना बनाई। योजना के तहत 16 जुलाई 2023 को अजय पाठक उसके साथ काम करने केजीएन ट्रेडर्स इस्लाम नगर टेड़ी बगिया आगरा आ गया था। लगभग 15 दिन अजय पाठक ने उसके साथ रहकर आगरा में ही काम किया।
28 जुलाई 2023 को सुशील कुमार ने अपने बेटे विष्णु उर्फ विनय को अपने पास बुला लिया। दोनों पिता-पुत्र ने दो अगस्त 2023 की रात में अजय पाठक को केजीएन ट्रेडर्स की छत पर ले जाकर उसके सिर में डंडा मारकर और गमछा से फंदा डालकर हत्या कर दी। उसके शव को एक प्लास्टिक के कट्टे में बंद कर छत से पीछे की तरफ नाले में गिरा दिया और नीचे जाकर गड्डा खोदकर बोरे सहित शव नाले में दबा दिया। हत्या में प्रयुक्त डंडा व गमछा को केजीएन ट्रेडर्स आगरा की छत पर बने कमरे में छुपा दिया।
थाने में अजय पाठक की गुमशुदगी दर्ज कराई गई थी। तलाश के लिए कोतवाली हाथरस गेट पुलिस, स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (एसओजी) व सर्विलांस टीम को लगाया था। इस मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों की निशानदेही पर आगरा स्थित जूते के कारखाने के पीछे बने नाले से एक कंकाल बरामद किया गया है। आरोपी की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त डंडा व गमछा बरामद किया है।-रामप्रवेश राय, सीओ सिटी।