फोटो 33: विकास भवन में बैठक में मौजूद समूह की पदाधिकारी। संवाद
कम लागत में उत्पाद बनाकर अधिक आमदनी पर महिलाएं दें ध्यान
- सीडीओ ने समूह की महिलाओं को उत्पाद की पैकिंग, ब्रांडिंग और बाजार के दिए टिप्स
- महिलाओं ने स्वरोजगार को बढ़ावा देने के लिए मेहनत से बेहतर उत्पाद बनाने का दिया भरोसा
संवाद न्यूज एजेंसी
हरदोई। स्वयं सहायता समूह बनाकर घर बैठ जाने से आमदनी नहीं बढ़ने वाली है। महिलाओं को स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा देना होगा। मुख्य विकास अधिकारी सान्या छाबड़ा ने महिलाओं से कहा कि कम लागत में अच्छे उत्पाद बनाकर अधिक आमदनी पर ध्यान दें।
सीडीओ ने राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के समूहों से जुड़ी महिलाओं को उत्पाद की पैकिंग, ब्रांडिंग और बाजार के रूख को परखने के गुर बताए। विकास भवन में प्रत्येक विकास खंड से दो-दो समूहों की पदाधिकारियों से शुक्रवार को संवाद किया। कहा कि समूह से जुड़कर बचत की आदत के साथ ही आमदनी को बढ़ाने पर भी ध्यान देना है। इसके लिए महिलाओं को स्थानीय स्तर और आसपास के जनपदों में मांग आधारित उत्पादों को बनाना चाहिए। जिससे तैयार उत्पाद को बिक्री के लिए अधिक समय न लगने पाए। उत्पाद बनते ही बिक्री होने से रुपये का चक्र घूमने से लागत और मुनाफा से उत्पादों को बनाने के लिए भी रुपये की कमी नहीं पड़ेगी। जिससे कच्चे माल की खरीद-फरोख्त और भुगतान में भी समस्या नहीं आएगी।
उन्होंने कहा कि महिलाओं को उत्पाद की पैकिंग, ब्रांडिंग और बाजार के संबंध में प्रशिक्षण भी जल्द ही दिलाया जाएगा। वहीं समूह की महिलाओं ने स्वरोजगार को बढ़ावा देने के लिए मेहनत से बेहतर उत्पाद बनाने का भरोसा दिया। डीडीओ कमलेश कुमार, जिला मिशन प्रबंधक कपिल कुमार समेत महिलाएं मौजूद रहीं।